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पीने के बाद लोग जाते बहक, शारीरिक दूरी का नहीं करेंगे पालन, इसलिए नहीं खुलेंगी शराब दुकानें

गिरिडीह। लॉकडाउन 3.0 के दाैरान केंद्र सरकार ने ग्रीन और ऑरेंज श्रेणी के जिलों में शराब दुकानों को खोलने की इजाजत दी है। इसके बावजूद झारखंड सरकार ने राज्य में शराब दुकानों को बंद रखने का निर्णय लिया है। इस फैसले के औचित्य को झारखंड के स्कूली शिक्षा एवं उत्पाद मंत्री जगरनाथ महतो ने समझाया है। उन्होंने कहा है कि लोग शराब पीकर बहक जाते हैं। इस कारण शराब पीने के बाद लोग शरीरिक दूरी का पालन नहीं करेंगे। शारीरिक दूरी का पालन सुनिश्चित करने के लिए ही सरकार ने शराब दुकानों को नहीं खोलने का निर्णय लिया है।

स्कूली शिक्षा मंत्री महतो सोमवार को गिरिडीह में थे। उन्होंने सीसीएल डीएवी में केबल टीवी के माध्यम से पढ़ाई कार्यक्रम का उद्घाटन किया। इसके बाद मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि शराब पीने के बाद लोग शारीरिक दूरी का पालन नहीं करेंगे। इसलिए अभी शराब दुकानों को खोलने की अनुमति नहीं दी जाएगी। उन्होंने कहा कि झारखंड में अभी शराब की दुकानें नहीं खुलेंगी। लोगों को दारू से ज्यादा बच्चों की पढ़ाई की चिंता करनी चाहिए।। वापस लौट रहे प्रवासी मजदूरों को रोजगार उपलब्ध कराने के सवाल पर कहा कि मजदूरों को वापस आ जाने तो दीजिए। सभी को रोजगार दिया जाएगा। राज्य में पर्याप्त अनाज है। इसकी कमी नहीं है। स्कूली बच्चों को भी घर-घर जाकर शिक्षक अनाज उपलब्ध करा रहे हैं। कहा कि सरकार  की गाइडलाइन का पालन नहीं करने वाले निजी स्कूलों को बख्शा नहीं जाएगा।  ऐसे स्कूलों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

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