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TMC Internal Conflict: सांसद काकोली घोष दस्तीदार के बेटे ने ममता बनर्जी और महुआ मोइत्रा को भेजा कानूनी नोटिस

कोलकाता: पश्चिम बंगाल की सत्ताधारी पार्टी तृणमूल कांग्रेस (TMC) में अंदरूनी खींचतान अब कानूनी मोड़ पर पहुंच गई है। बारासात की सांसद काकोली घोष दस्तीदार के बेटे डॉ. वैद्यनाथ घोष दस्तीदार ने अपनी ही पार्टी के कई दिग्गज नेताओं को मानहानि का कानूनी नोटिस भेजा है। इसमें ममता बनर्जी, महुआ मोइत्रा, कल्याण बनर्जी, सौगत रॉय और सोनाली गुहा जैसे बड़े नाम शामिल हैं।

🚫 आरोपों को नकारा: टिकट की नहीं थी कोई महत्वाकांक्षा

डॉ. वैद्यनाथ ने नोटिस के माध्यम से उन आरोपों का खंडन किया है जिनमें दावा किया गया था कि उन्होंने बारासात विधानसभा सीट से चुनाव लड़ने के लिए टिकट की मांग की थी। उन्होंने स्पष्ट किया कि राजनीति में उनकी कोई रुचि या महत्वाकांक्षा नहीं थी। उन्होंने नेताओं से मांग की है कि 15 दिनों के भीतर वे सार्वजनिक रूप से स्पष्टीकरण दें और माफी मांगें, अन्यथा आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

🗣️ I-PAC और पार्टी नेताओं की भूमिका पर सवाल

नोटिस में यह आरोप भी लगाया गया है कि तृणमूल कांग्रेस के चुनावी रणनीतिकार रहे I-PAC से जुड़े लोगों और स्थानीय छात्र नेताओं ने ही उन्हें बार-बार राजनीतिक कार्यक्रमों में भाग लेने के लिए प्रेरित किया था। डॉ. दस्तीदार ने साफ तौर पर कहा है कि उनके निजी जीवन और राजनीतिक आकांक्षाओं के बारे में फैलाए गए गलत बयानों को तत्काल प्रभाव से वापस लिया जाए।

📉 टीएमसी में बढ़ती उथल-पुथल

यह कानूनी नोटिस पार्टी की चुनावी हार के बाद बढ़ रही आंतरिक कलह का एक और बड़ा उदाहरण है। उल्लेखनीय है कि हाल ही में काकोली घोष दस्तीदार ने बारासात संसदीय जिला अध्यक्ष का पद छोड़ दिया है और पार्टी की महत्वपूर्ण संगठनात्मक जिम्मेदारियों से इस्तीफा दे दिया है। ममता बनर्जी के करीबी नेताओं को सांसद पुत्र द्वारा नोटिस भेजा जाना पार्टी के गिरते मनोबल और बिखराव को दर्शाता है।

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