Captain Smit Machhar: घायल होकर भी बचाई 174 जानें, अनिल विज बोले- यह हर भारतवासी के लिए गर्व का पल

हरियाणा के ऊर्जा, परिवहन एवं श्रम मंत्री अनिल विज ने भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार के अदम्य साहस और कर्तव्यनिष्ठा की मुक्तकंठ से सराहना की है।
उन्होंने गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद विमान में सवार 174 यात्रियों की जान सुरक्षित बचाने को समस्त देशवासियों के लिए अत्यंत गर्व और गौरव का विषय बताया।
अनिल विज ने विशेष रूप से रेखांकित किया कि कैप्टन मच्छार ने इतने बड़े साहसिक कार्य का श्रेय स्वयं लेने के बजाय अपनी “भारतीय संस्कृति” और संस्कारों को दिया है, जो उनकी महानता और विनम्रता को दर्शाता है।
🎙️ ‘खुद श्रेय न लेकर भारतीय संस्कृति को दिया मान’: चंडीगढ़ में पत्रकारों से बातचीत में बोले ऊर्जा मंत्री
प्रेस वार्ता के दौरान मंत्री अनिल विज के वक्तव्य के मुख्य बिंदु:
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मिड एयर क्रैश टालने पर सराहना: चंडीगढ़ में पत्रकारों से बातचीत करते हुए ऊर्जा मंत्री अनिल विज ने कहा कि कैप्टन स्मित मच्छार ने हवा में संभावित भीषण विमान हादसे (Mid-Air Crash) को अपनी सूझबूझ से टालकर समूचे विश्व में भारत का मान बढ़ाया है।
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संस्कारों को दिया श्रेय: विज ने कहा कि सबसे प्रेरक बात यह है कि इस ऐतिहासिक पराक्रम का श्रेय कैप्टन ने खुद न लेकर अपनी जड़ों और सनातन संस्कृति को समर्पित किया।
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सीना चौड़ा करने वाला पल: मंत्री ने भावुक होते हुए कहा कि एक पायलट का यह कहना कि ‘मैं भारतीय संस्कृति को मानता हूं’, प्रत्येक भारतवासी का सीना गर्व से चौड़ा करने वाला क्षण है।
🩸 कॉकपिट में चाकू से हुआ था जानलेवा हमला: लहुलूहान हालत में भी बचाईं 174 जिंदगियां
विमान में घटे रोंगटे खड़े कर देने वाले घटनाक्रम का विवरण:
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सह-पायलट का अप्रत्याशित हमला: उल्लेखनीय है कि फ्लाईदुबई की अंतरराष्ट्रीय उड़ान का संचालन कैप्टन स्मित मच्छार कर रहे थे, तभी कॉकपिट के भीतर ही उनके सह-पायलट (को-पायलट) ने उन पर चाकू से जानलेवा हमला कर दिया था।
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गंभीर चोटों के बावजूद नहीं खोया नियंत्रण: अत्यधिक खून बहने और गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद कैप्टन स्मित ने अद्भुत मानसिक संतुलन और अदम्य साहस दिखाया।
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सुरक्षित लैंडिंग और यात्रियों की रक्षा: उन्होंने हमलावर को नियंत्रित करने में मदद ली और विमान में सवार सभी 174 निर्दोष यात्रियों और क्रू मेंबर्स की जान सुरक्षित बचाकर विमान को सुरक्षित गंतव्य तक पहुंचाया।





