लखनऊ ट्रिपल मर्डर की तर्ज पर कानपुर में खूनी संघर्ष, जमीनी विवाद में एक पक्ष ने चार लोगों को मारी गोली

कानपुर: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में हुए चर्चित ट्रिपल मर्डर केस की तर्ज पर अब औद्योगिक नगरी कानपुर से भी एक दहला देने वाली वारदात सामने आई है। कानपुर जिले के बिधनू थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले दहेली सुजानपुर गांव में भूमि विवाद को लेकर दो पक्षों के बीच खूनी संघर्ष छिड़ गया। एक पक्ष ने आक्रामक तेवर दिखाते हुए दूसरे पक्ष के लोगों पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसा दीं, जिससे इलाके में भारी सनसनी फैल गई। इस सनसनीखेज घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस कमिश्नरेट में हड़कंप मच गया और आनन-फानन में भारी पुलिस बल को मौके पर रवाना कर दिया गया।
खेत के पुराने विवाद को लेकर लगभग चार महीने से पुलिस-प्रशासन के चक्कर काट रहा था पीड़ित पक्ष, बुधवार को आमने-सामने आए दोनों पक्ष
पुलिस महकमे से प्राप्त शुरुआती इनपुट और छावनी में तब्दील किए गए इलाके के अनुसार, बिधनू थाना क्षेत्र के दहेली सुजानपुर गांव के निवासियों के बीच काफी समय से एक खेत को लेकर कानूनी और आपसी विवाद चल रहा था। इस जमीनी रंजिश को लेकर पीड़ित पक्ष पिछले करीब चार महीने से लगातार पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों के चक्कर काट रहा था, लेकिन समय रहते उचित समाधान न मिलने के कारण आखिरकार बुधवार को दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए और उनके बीच विवाद ने खूनी रूप ले लिया।
कठारा गांव के रहने वाले पक्ष ने की 10 राउंड से ज्यादा फायरिंग, गोली लगने से दिनेश, महेश, सीबू और साहिल गंभीर रूप से घायल
पुलिस की प्रारंभिक जांच-पड़ताल में यह बात सामने आई है कि इस खूनी वारदात को अंजाम देने वाला पक्ष कठारा गांव का रहने वाला है। आरोपियों ने विवाद के दौरान ताबड़तोड़ फायरिंग करते हुए 10 राउंड से अधिक गोलियां चलाईं। इस अंधाधुंध गोलीबारी में दूसरे पक्ष के चार लोग— दिनेश, महेश, सीबू और साहिल गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के तुरंत बाद स्थानीय लोगों और पुलिस की मदद से सभी घायलों को फौरन नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनकी अत्यधिक नाजुक हालत को देखते हुए चिकित्सकों ने उन्हें किसी बड़े और उच्च स्तरीय अस्पताल के लिए रेफर कर दिया है।
पुलिस कमिश्नर के निर्देश पर पूरा इलाका छावनी में तब्दील, तीन मुख्य आरोपियों की तलाश में पुलिस की कई टीमें दे रही हैं दबिश
दिनदहाड़े हुई इस ताबड़तोड़ फायरिंग और चार लोगों को गोली मारे जाने की सूचना से पूरे पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस कमिश्नर ने तुरंत एसीपी के नेतृत्व में भारी पुलिस फोर्स को घटनास्थल पर तैनात कर दिया, जिससे पूरा इलाका एक छावनी में तब्दील नजर आने लगा। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस मामले में अब तक की गई जांच के दौरान तीन मुख्य आरोपियों के नाम प्रकाश में आए हैं। पुलिस उनकी गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दे रही है और जल्द ही सभी आरोपियों को शिकंजे में लेने का दावा किया जा रहा है।





