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विदेश

अमेरिका में ट्रंप की हार के बाद तेहरान में लगा ‘We Will Kill Trump’ का पोस्टर, नेतन्याहू पर भी कसा तंज

तेहरान: संयुक्त राज्य अमेरिका के मिडटर्म इलेक्शन (मध्यवर्ती चुनावों) में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की पार्टी को मिली भारी पराजय के बाद वैश्विक राजनीति में एक नया मोड़ आ गया है। इस चुनावी हार के तुरंत बाद ईरान की राजधानी तेहरान के प्रमुख एंघेलाब चौक पर एक बेहद आक्रामक और चर्चित पोस्टर लगाया गया है। इस विवादित पोस्टर पर अंग्रेजी में ‘We Will Kill Trump’ (हम ट्रंप को मार देंगे) लिखा हुआ है। पोस्टर में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को लोहे की सलाखों (रॉड) के पीछे कैद दिखाया गया है, जहां वे एक हाथ से रॉड पकड़े हुए अत्यंत दुखी और निराश मुद्रा में खड़े नजर आ रहे हैं।

पोस्टर में बेंजामिन नेतन्याहू और रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ की भी तस्वीरें शामिल, इजरायली पीएम की तस्वीर पर लगाया गया क्रॉस का निशान

इस सनसनीखेज पोस्टर में केवल डोनाल्ड ट्रंप ही नहीं, बल्कि उनके प्रमुख सहयोगी और इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू की तस्वीर भी छापी गई है, जिस पर लाल रंग से क्रॉस (X) का निशान लगाया गया है। इसके अलावा पोस्टर में अमेरिका के रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ की तस्वीर भी शामिल की गई है। विश्लेषकों का मानना है कि इजराइल के हालिया चुनावों में भी बेंजामिन नेतन्याहू की पार्टी को स्पष्ट बहुमत न मिलने और उनके सरकार बनाने की स्थिति में न होने के कारण पश्चिम एशिया के राजनीतिक समीकरण तेजी से बदल रहे हैं, जिसका असर इस प्रकार के विजुअल्स में साफ देखा जा सकता है।

भारत स्थित ईरानी दूतावास के सोशल मीडिया हैंडल से शेयर किया गया एनिमेटेड वीडियो, ट्रंप को डस्टबिन में डालते हुए दिखाया गया

केवल तेहरान में ही नहीं, बल्कि कूटनीतिक मोर्चे पर भी ईरान के तेवर तीखे नजर आए हैं। भारत स्थित ईरानी दूतावास के आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल से एक एनिमेटेड वीडियो पोस्ट किया गया है, जिसने इंटरनेट पर तहलका मचा दिया है। इस वीडियो में डोनाल्ड ट्रंप को ‘खतरनाक अपशिष्ट’ (Hazardous Waste) लिखे हुए एक बड़े डस्टबिन में फेंका या डाला जाता हुआ दिखाया गया है। वीडियो के कैप्शन में मुख्य रूप से ‘US Midterm Elections’ लिखा गया है। इस वीडियो क्लिप में कुछ डेमोक्रेटिक पार्टी के नेताओं को भी दर्शाया गया है, जो कथित तौर पर ट्रंप को व्हाइट हाउस के परिसर से बाहर निकालकर कचरे के डिब्बे में डालते हुए नजर आ रहे हैं।

ईरान के साथ तनाव और युद्ध के हालात बने ट्रंप की हार की बड़ी वजह, महंगाई के मुद्दे पर अमेरिकी जनता में दिखा भारी आक्रोश

प्रमुख अंतरराष्ट्रीय मीडिया रिपोर्ट्स और विश्लेषकों के आकलन के अनुसार, अमेरिकी मिडटर्म इलेक्शन में रिपब्लिकन पार्टी और डोनाल्ड ट्रंप की हार की सबसे बड़ी और अहम वजह देश के भीतर आसमान छूती महंगाई रही है। ईरान के साथ बने तनाव और युद्ध जैसे हालातों के कारण अमेरिकी नागरिक लंबे समय से गंभीर महंगाई से जूझ रहे हैं, जिस पर ट्रंप प्रशासन प्रभावी नियंत्रण स्थापित करने में असफल रहा। चुनाव प्रचार के दौरान ट्रंप ने महंगाई को रोकने के तमाम बड़े वादे किए थे, लेकिन आम जनता ने उनकी बातों पर भरोसा नहीं किया और चुनाव परिणामों में इसका खामियाजा उन्हें भुगतना पड़ा।

चुनाव हारते ही ट्रंप ने बदले कूटनीतिक तेवर, ईरान पर हमले से किया इनकार और इजराइल की आर्थिक मदद पर लगाई रोक

मिडटर्म चुनावों में मिली इस करारी शिकस्त के ठीक बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अंतरराष्ट्रीय संबंधों को लेकर दो बहुत बड़े फैसले लिए हैं। मीडिया से बातचीत करते हुए उन्होंने स्पष्ट किया कि अब ईरान पर किसी भी प्रकार के सैन्य हमले की कोई योजना नहीं है, बल्कि दोनों देशों के बीच भविष्य में शांतिपूर्ण बातचीत का रास्ता अपनाया जाएगा। इसके साथ ही, ट्रंप ने इजराइल को दी जाने वाली सालाना 4 बिलियन डॉलर की भारी-भरकम आर्थिक सहायता राशि को भी तत्काल प्रभाव से बंद करने का कड़ा ऐलान कर दिया है।

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