ब्रेकिंग
India Maritime Strategy: इंडो-पैसिफिक में भारत का बड़ा कूटनीतिक कदम, AIME-2026 से मजबूत हुआ समुद्री ... INDIA Alliance Protest: EVM और वोटर लिस्ट में गड़बड़ी का आरोप, खरगे बोले- 6 अक्टूबर को चुनाव आयोग तक... महात्मा गांधी जयंती पर राहुल गांधी का बड़ा ऐलान: आंदोलनों को एकजुट करने के लिए डिजिटल प्लेटफॉर्म ‘सत... ईटानगर में ABVP की दो दिवसीय राष्ट्रीय बैठक संपन्न: छात्र हितों और आगामी रणनीतियों पर हुआ गहन मंथन Vrindavan News: रसिक दुलारी शरण की संदिग्ध मौत से गरमाया माहौल, प्रेमानंद महाराज के दूसरे आश्रम में ... Dhanbad News: गैंगस्टर फहीम खान के घर 2004 में हुई अंधाधुंध फायरिंग मामले में 3 दोषियों को सजा, बॉडी... Bulandshahr Crime News: 4 महीने पहले हुआ था निकाह, पति ने पीट-पीटकर की पत्नी की हत्या; आरोपी फरार Okhla Landfill Site Visit: सीएम रेखा गुप्ता ने ओखला लैंडफिल साइट का किया निरीक्षण, 100 एकड़ जमीन कूड... AIIMS Delhi: उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू ने AIIMS छात्रों से की 'कॉफी पर चर्चा', सुरक्षा और मेडिकल श... नासिक फैमिली कोर्ट से आरोपी निदा खान को वारंट: पति की तलाक याचिका पर 16 अक्टूबर को पेशी के निर्देश
देश

शिक्षक चयनित अभ्यर्थी ने की इच्छा मृत्यु की मांग

धमतरी। 27 महीने से नियुक्ति का इंतजार कर रहे शिक्षक अभ्यर्थी अब भूखे मरने को मजबूर हो गए हैं। कहीं कोई मजदूरी कर पेट पाल रहा है तो कोई चाय बेच रहा है। इधर राज्य सरकार भर्ती को लेकर कोई ठोस आश्वासन नहीं दे रही है। इसी बीच एक शिक्षक चयनित अभ्यर्थी ने इच्छा मृत्यु की मांग की है। राज्यपाल को भेजे गए पत्र में धमतरी जिले के कुरुद ब्लाक ग्राम भोथली निवासी शिक्षक अभ्यर्थी इंद्रजीत सिंह ने कहा है कि वह आर्थिक रूप से बेहद परेशान है ऐसे में उसे इच्छा मृत्यु की अनुमति दी जाए। इंद्रजीत ने बताया कि बड़ी मुश्किल से उसने पढ़ाई पूरी की है।

पढ़ाई के लिए उसने करीब दो लाख रुपये का लोन भी लिया था। शिक्षक भर्ती में चयनित होने के बाद आस जगी कि वह जल्द ही अपना लोन चुका देगा, लेकिन 27 महीने गुजर जाने के बाद भी अभी तक नियुक्ति को लेकर कोई पहल नहीं हुई है। इंद्रजीत बताता है कि उसके पिता आटा चक्की चलाते थे, लेकिन पिता की तबीयत खराब होने की वजह से आटा चक्की भी बंद हो गया है।

वो खुद एक निजी स्कूल में पढ़ाता था फिर कोचिंग क्लास लेता था लेकिन कोरोना महामारी में सब बंद हो गया है। पूरा परिवार अब भुखमरी की हालत में आ गया है। उधर लोन को लेकर बैंक से भी लगातार नोटिस आ रहा है। उसे राज्यपाल के जवाब का इंतजार है। फिलहाल तो धारा 144 की वजह से वो प्रदर्शन नहीं कर पा रहा है।

Related Articles

Back to top button