ब्रेकिंग
भ्रष्टाचार पर ज़ीरो टॉलरेंस ; पारदर्शी शासन की पहचान बनी मान सरकार ILBS का 'लिवर मिशन': दिल्ली मॉडल से होगा हर नागरिक का फ्री चेकअप, सरकार ने खोला मदद का पिटारा कंगना रनौत की बढ़ी मुश्किलें: किसान आंदोलन पर टिप्पणी मामले में कल बठिंडा कोर्ट में होंगी पेश मराठी कार्ड पर छिड़ा घमासान! भाजपा अध्यक्ष बोले- भाषा के नाम पर जहर न घोलें, वोटिंग से पहले सियासी प... मिसाइल से लेकर माइंडसेट तक... सेना प्रमुख ने समझाया क्या है 'शौर्य संप्रवाह', दुश्मनों के लिए बजाई ख... सावधान! उत्तर भारत में जारी है 'कोल्ड वेव' का कहर; रिकॉर्ड तोड़ रही सर्दी, जानें मौसम विभाग की नई चे... प्रयागराज माघ मेला: श्रद्धालुओं के बीच मची चीख-पुकार, दूसरे दिन भी भड़की आग; आखिर कहाँ है सुरक्षा इं... तनाव के बीच तेहरान से आया राहत भरा मैसेज: 'टेंशन मत लेना...', जानें ईरान में फंसे भारतीय छात्रों का ... शमशान से घर पहुंचने से पहले ही उजड़ गया परिवार! सीकर में भीषण हादसा, एक साथ उठीं 6 अर्थियां राणा बलचौरिया मर्डर केस में SSP मोहाली के बड़े खुलासे, गिरफ्तार शूटरों ने बताए चौंकाने वाले सच
देश

सोनिया-राहुल से भेंट के बाद नरम पड़े भूपेंद्र सिंह हुड्डा, कहा- जी-23 क्या होता है उन्हें नहीं पता 

नई दिल्ली । देश की सबसे पुरानी राजनीतिक पार्टी कांग्रेस का नेतृत्व संकट अभी बरकरार है। दूसरी ओर, केंद्रीय नेतृत्व से मुलाकात के बाद जी-23 खेमे के नेता माने जाने वाले भूपेंद्र सिंह हुड्डा की सुर बदले-बदले दिखाई दे रहे हैं। भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने साफ कहा है कि कांग्रेस आलाकमान ने उन्हें हर जगह पूरा सम्मान देता है। कांग्रेस का जी-23 समूह क्या है, इसके बारे में उन्हें पता नहीं है।
भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा पार्टी नेतृत्व से इस बात को लेकर चर्चा हुई है कि पार्टी को किस तरह से मजबूत बनाया जाए। इसके साथ ही कांग्रेस आलाकमान को हरियाणा के सियासी हालात के बारे में भी बताया गया। आपको बता दें कि हाल ही में भूपेंद्र सिंह हुड्डा की मुलाकात दिल्ली में सोनिया गांधी और राहुल गांधी से हुई है।
पार्टी के केंद्रीय नेतृत्व से मिलने के बाद भूपेंद्र सिंह हुड्डा चंडीगढ़ लौट आए थे। हुड्डा ने विधानसभा के बजट सत्र में भी भाग लिया और वक्त-वक्त पर अपनी पार्टी के विधायकों के साथ राजनीतिक मंत्रणा भी की। भूपेंद्र सिंह हुड्डा जिस तरह से पार्टी के केंद्रीय नेतृत्व के प्रति नरम हुए हैं उससे लगता तो यही है कि कांग्रेस का आलाकमान असंतुष्ट खेमे को साथ लेकर चलना चाह रहा है।
आपको यह भी बता दें कि हरियाणा में हुड्डा समर्थक लगातार संगठनात्मक बदलाव की बात कर रहे हैं। जब कैप्टन अमरिंदर सिंह को पंजाब से रवाना किया गया था, तब ये बातचीत और गतिविधियां थोड़े समय के लिए बंद हो गई थी, लेकिन एक बार फिर ये गतिविधियां तेज होती दिख रही हैं।
मीडिया के सवाल करने पर भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा मेरी आलाकमान से उत्तर प्रदेश सहित पांच राज्यों के चुनावी नतीजों पर चर्चा हुई है। हमने हरियाणा के मसलों पर भी चर्चा की है। पार्टी को कैसे आगे बढ़ाया जाए और कैसे मजबूती से काम किया जाए इस पर भी चर्चा की गई है। एक सवाल के जवाब में हुड्डा ने कहा कि जी-23 क्या होता है उन्हें नहीं पता है। आपको बता दें जी-23 कांग्रेस का असंतुष्ट खेमा है जो पार्टी में नेतृत्व परिवर्तन पर जोर दे रहा है।
उन्होंने कहा हरियाणा कांग्रेस में कोई बदलाव नहीं हो रहा है, इसकी उन्हें कोई जानकारी नहीं है। कई बार अखबार उन्हें और उनके बेटे दीपेंद्र को कई पदों का दावेदार बता देते हैं। उन्होंने कहा मैं और मेरा बेटा किसी पद के दावेदार नहीं है। पार्टी नेतृत्व में जो जिम्मेदारी देता है, हम उसको निभाते हैं।
उन्होंने इस बात को माना कि पिछले 7 सालों में राज्य में पार्टी का कोई संगठन नहीं है। न तो ब्लॉक अध्यक्ष और न ही जिला अध्यक्ष। उन्होंने कहा संगठन के अभाव में कार्यकर्ताओं को परेशानियां आना स्वाभाविक है। हमने आलाकमान से संगठन बनाने के बारे में भी बात की है।

Related Articles

Back to top button