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मध्यप्रदेश

सावन मास के पहले दिन मंदसौर में पशुपतिनाथ के दर्शन को उमड़े भक्त

 मंदसौर। सावन के पहले दिन से ही भोले की भक्ति में लीन हुए भक्त जिले भर में शिवालयों में पहुंचे। अंचल की आस्था के प्रमुख केंद्र अष्टतमुखी भगवान श्री पशुपतिनाथ महादेव मंदिर में भक्ति की भीड़ रही। दिन भर में लगभग पांच हजार श्रद्धालु मंदिर पर पहुंचे। वहीं मंदिर परिसर में मनोकामना अभिषेक भी शुरू हो गया। इसके अलावा धर्मराजेश्वुर, श्री नीलकंठेश्वकर, मारुखेड़ी महादेव सहित अन्यु प्रमुख मंदिरों में भी काफी भक्तन पहुंचे।

सावन के पहले मंगवलवार को सुबह 11:50 बजे तक दिन इंद्र योग रहा। वही त्रिपुष्कर योग 1:38 बजे से से प्रारंभ होकर 5 जुलाई को 5:48 बजे तक रहेगा। ज्योतिष शास्त्र में इन दोनों योग को अत्यंत शुभ माना गया है।

मान्यता है कि इन योग में शिव की आराधना कर अपने लिए जो भी मांगा जाए वह पूर्ण होता है। अत्यंत शुभ योग होने के कारण मंगलवार सुबह से ही भूत भावन भगवान अष्टमुखी पशुपतिनाथ महादेव मंदिर में दूर-दूर से आए भक्तों की भारी भीड़ रही। मंदिर में हर-हर महादेव के जयघोष से पूरा मंदिर परिसर गुंजायमान हो रहा उठा।

बाबा पशुपतिनाथ के दर्शन करने पहुंचे भक्तों ने कतार बद्ध होकर दर्शन लाभ लिया। उल्लेखनीय है कि पवित्र श्रावण माह मंगलवार से शुरू हुआ है। अधिकमास होने के कारण इस बार श्रावण 59 दिनों का रहेगा और श्रावण का पहला सोमवार 10 जुलाई को आएगा। इस बार सावन में आठ सोमवार होंगे। 10 जुलाई के बाद के बाद 17, 24 और 31 जुलाई व 7, 14, 21 और 28 अगस्त को सोमवार रहेंगे।

28 अगस्त को पशुपतिनाथ महादेव की शाही सवारी निकलेगी। हिंदू धर्म में सावन के पहले दिन से अंतिम दिन तक विशेष महत्व है। शिव की विधिवत पूजा करने के साथ व्रत का भी विधान है। मान्यता है कि सावन में शिव का जलाभिषेक करने से मनोकामना पूर्ण होती है। श्रावण मास को लेकर श्री पशुपतिनाथ महादेव मंदिर में गर्भगृह से लेकर, नंदी हाल, प्रवेश द्वार, निर्गम द्वार तक विशेष सजावट की गई है। मंदिर गर्भगृह के चांदी के दरवाजे, चांदी के छत्र, त्रिशूल की सफाई भी की गई है।

मंगलवार सुबह से ही मंदिर में भक्तों के पहुंचने का सिलसिला शुरु हो गया था। जो रात तक जारी रहा। सुबह व शाम की आरती के समय भी श्रद्धालु पहुंचे। बैग स्केनर मशीन एवं मेटर डिटेक्टर मंगलवार को भी चालू नहीं हो पाए। नंदी हाल व गर्भगृह के अन्य द्वारों पर भक्तों को रुकने नहीं दिया गया। सभी को दर्शन करने के साथ ही रवाना किया गया।

बड़ा महादेव पहुंचे श्रद्धालु

भानपुरा। नगर के उत्तर दिशा में स्थित प्रसिद्ध बड़ा महादेव एवं छोटा महादेव पर श्रावण के पहले दिन श्रद्धालुओं की अच्छी खासी तादाद रही। बारिश के चलते बड़ा महादेव स्थान का प्राकृतिक सौंदर्य निखरने लगा है एवं झरने भी गिरने लगे हैं। सावन का महीना प्रारंभ होने पर भक्ति-आराधना का दौर भी शुरू हो गया है। प्रातःकाल से ही बड़ा महादेव स्थान पर श्रद्धालु यहां पहुंच कर बड़ा महादेव स्थान पर स्थित शिवालय में श्रद्धालुओं ने भगवान भोले की पूजा-अर्चना व अभिषेक कर दर्शन लाभ लिए। शिवसेवक मंडल द्वारा भगवान भोले का श्रृंगार कर पूजा-अर्चना की गई। दिनभर लोगों का बड़ा महादेव, छोटा महादेव पहुंचना जारी रहा। यहां स्थित शिवालयों में दर्शन लाभ लिए एवं बड़ा महादेव स्थान के आस-पास प्राकृतिक सोंदर्य का लुत्फ उठाया।

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