कड़ी सुरक्षा के बीच आज से आंध्र विधानसभा का विशेष सत्र, 4 बिल पास

अमरावती। कड़ी सुरक्षा के बीच आंध्र प्रदेश विधानसभा का विशेष सत्र आज से शुरू हो गया है। इस दौरान कैबिनेट ने सदन में चार विधेयकों को मंजूरी दी है। इसके अलावा मंत्रिमंडल ने राज्य के सर्वांगीण विकास और शासन के विकेंद्रीकरण पर उच्च शक्ति समिति की सिफारिशों को भी मंजूरी दी है।
आंध्र प्रदेश के वित्त मंत्री ने सदन में सभी क्षेत्रों के डी-केंद्रीकरण और विकास बिल 2020 पेश किया।
इसके अलावा राज्य में तीन राजधानी बनाए जाने को लेकर फैसला होने की संभावना है। मुख्यमंत्री वाईएस जगन मोहन रेड्डी की अगुवाई वाली सरकार राज्य की राजधानी के बंटवारे को लेकर आज प्रस्ताव पारित कर सकती है। विजवाड़ा में प्रकाशम बैराज पर भारी तादात में पुलिसबलों की मौजूदगी है। विजयवाड़ा और गुंटूर क्षेत्रों में धारा 144 लागू की गई है, ताकि राज्य विधानसभा को सुचारू रूप से चलाया जा सके।
विपक्षी दल इस फैसले का लगातार विरोध कर रहे हैं। राज्य में तीन राजधानी बनाए जाने को लेकर तेलुगू देशम पार्टी के चीफ चंद्रबाबू नायडू ने इसको लेकर ‘चलो विधानसभा’ का आह्वान किया। तेलुगु देशम पार्टी के अलावा भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी भी ‘चलो विधानसभा’ के प्रदर्शन में हिस्सा लेगी।
वहीं, चंद्रबाबू नायडू ने पार्टी नेताओं और अमरावती जेएसी के नेताओं को हाउस अरेस्ट किए जाने को निंदनीय बताया है। उन्होंने कहा की जनता की आवाज का दबाना अलोकतांत्रिक और संविधान के खिलाफ है। आपातकाल के दौरान भी इससे काफी बेहतर हालात था।’
Former Andhra Pradesh CM & TDP Chief N Chandrababu Naidu: House arrest of party leaders & Amaravati JAC leaders condemnable. Suppression of public voice is undemocratic & against the constitution. Even during the Emergency it was much better. #AndhraPradesh (file pic)
विपक्ष के विरोध प्रदर्शन के मद्देनजर राज्य सरकार ने शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। अमरावती में धारा 144 और आंध्र प्रदेश पुलिस अधिनियम की धारा 30 पहले से ही लागू है। वहीं, विधानसभा के रास्ते में पड़ने वाले गांवों में भी भारी पुलिस कर्मियों की तैनाती की गई है। मुख्यमंत्री वाईएस जगन मोहन रेड्डी को अपने निवास से विधानसभा जाने के लिए विशेष मार्ग तैयार किया गया है।







