ब्रेकिंग
पीएम मोदी के 'दिमागी नक्सल' बयान पर किरेन रिजिजू का विपक्ष पर तीखा पलटवार रामपुरहाट टीएमसी दफ्तर में फंदे से लटके मिले पूर्व डिप्टी स्पीकर आशीष बनर्जी: सुसाइड नोट में मानसिक ... बॉम्बे हाईकोर्ट क्लर्क टाइपिंग टेस्ट में तकनीकी गड़बड़ी: वाशिम समेत कई केंद्रों पर हंगामा, छात्रों न... 'बिहार बन रहा पेपर लीक की राजधानी': तेजस्वी यादव का NDA सरकार पर तीखा हमला, 19 अगस्त को राजभवन मार्च... पीएम मोदी के 'दिमागी नक्सल' बयान पर BJP-कांग्रेस आमने-सामने, छिड़ा सियासी घमासान बरेली: सरकारी नौकरी का झांसा देकर रचाई शादी, विरोध पर बेल्ट से पीटा और छीने जेवर; पति समेत ससुराल वा... सुखबीर बादल पर हमले की NIA जांच की मांग: हरसिमरत कौर बादल ने गृह मंत्री अमित शाह को लिखा पत्र, बड़ी ... भिवंडी: दरगाह में इलाज के नाम पर महिला से अघोरी रस्में व प्रताड़ना; UP भागने की फिराक में था मौलवी, ... दिल्ली में पूरा हुआ 100 'अटल कैंटीन' का संकल्प: DU मेट्रो स्टेशन से 25 नई कैंटीन शुरू, मात्र ₹5 में ... रीवा में स्वास्थ्य तंत्र की लापरवाही: 2 घंटे तक नहीं पहुंची 108 एंबुलेंस, सांस लेने में तकलीफ से जूझ...
उत्तरप्रदेश

दो होटल, 90 कमरे…चल रहा बुलडोजर, बनारस कोठी-रिवर पैलेस पर क्यों हो रही कार्रवाई?

वाराणसी में के बनारस कोठी और रिवर पैलेस पर हो रहे बुलडोजर एक्शन को लेकर होटल मालिकों ने शासन पर प्रशासन पर बड़े आरोप लगाए हैं. कहा कि यहां अवैध तरीके और भी होटल बने हैं और उनका संचालन भी रहा है, लेकिन कार्रवाई केवल बनारस कोठी और रिवर पैलेस पर हो रही है. उधर, वीडियो ने भी इन आरोपों पर खरा जवाब दिया है. कहा कि यहां अवैध तरीके से बने होटलों को कई साल से नोटिस देकर संचालन बंद करने के लिए का जा रहा था और अब शासन की मंशा के मुताबिक इनके खिलाफ एक्शन लिया गया है.

बता दें कि बनारस कोठी और रिवर पैलेस पर शनिवार की दोपहर जब वीडीए की कार्रवाई शुरू हुई तो होटल के मालिक ज़फर अली खान और उनके छोटे भाई खुर्शीद व अन्य परिजनों के साथ मौके पर पहुंच गए थे. इन्होंने कार्रवाई रोकने के लिए काफी कोशिशें की. अधिकारियों से गुहार तक लगाई, बावजूद इसके अधिकारियों ने काम नहीं रोका. आरोप है कि इस दौरान मारपीट भी हुई और जफ़र अली खान बेहोश हो गए थे. यह दोनों होटल पांच मंजिला हैं.

दो दिन से हो रही कार्रवाई

इनमें कुल 90 कमरे हैं. कार्रवाई को अंजाम देने के लिए कुल 4 बुलडोजर और 150 मजदूर लगाए गए है. पहले दिन दोपहर बाद 3 बजे से रात के 9 बजे तक ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की गई. वहीं आज सुबह से ही कार्रवाई चल रही है. होटल के मालिक जफ़र खां ने कहा कि एक होटल का नक्शा 1999 में और दूसरे का 2012 में पास हुआ था. उन्होंने व्यवसायिक तौर पर होटल चलाने का लाइसेंस भी लिया है. बावजूद इसके, साल 2014 में इस क्षेत्र को ग्रीन बेल्ट घोषित कर दिया गया.

वीडीए की कार्रवाई पर उठाए सवाल

उस समय ही उन्होंने व्यवासायिक नक्शा पास कराने के लिए आवेदन भी कर दिया था. जफर खान वीडीए और वाराणसी प्रशासन की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा कि यहां 27 होटलों का G+2 का पास है. क्या प्रशासन इन होटलों के खिलाफ भी कोई एक्शन कर पाएगा? उन्होंने कहा कि चूंकि ये ज्यादातर होटल बीजेपी नेताओं के हैं, इसलिए इन पर कार्रवाई नहीं हो सकती. जफर खान के मुताबिक यहां एक स्लैब डलवाने के लिए 5 लाख रुपये खुलेआम लिए जा रहे हैं. उन्होंने कहा कि उनके भाई को एडीएम सिटी ने पीटा.

नियमों के उल्लंघन का आरोप

उधर, वीडीए के उपाध्यक्ष पुलकित गर्ग ने बताया कि जफर अली खां ने बुद्ध विहार कालोनी में दो होटल बनाए हैं. इसमें ना केवल स्वीकृत क्षेत्रफल से अधिक जमीन पर निर्माण किया गया है, बल्कि सेट बैक कवर करने के साथ ही वरुणा किनारे महायोजना-2031 में नियत ग्रीन बेल्ट में भी निर्माण किया गया है. इसके अलावा बहुमंजिले भवन के निर्माण में बेसमेंट, ग्राउंड और 5 तल भी बनाए गए है. चूंकि यह निर्माण अशमनीय है, इसलिए ध्वस्तीकरण के आदेश पारित किए गए है. उन्होंने बताया कि इस कार्रवाई से पहले सभी कानूनी प्रक्रिया पूरी की गई है.

Related Articles

Back to top button