ब्रेकिंग
Ladakh Pashmina at Fashion Week: चांगथांग समुदाय की मेहनत और पश्मीना की अनूठी कला, दिल्ली के 'द ताज'... Ladakh New District Sankoo: केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख को मिला एक और नया जिला, सांकू बना आठवां जिला Mahua Moitra Circuit House Case: सुप्रीम कोर्ट ने TMC सांसद महुआ मोइत्रा को दी राहत, सर्किट हाउस में... CAQM Strict Guidelines Delhi NCR: दिल्ली-NCR की प्रदूषण फैलाने वाली फैक्टरियों पर शिकंजा, 30 नवंबर त... Amit Kashyap Murder Case: मेरठ के चर्चित अमित कश्यप हत्याकांड में पत्नी और उसके प्रेमी को फांसी की स... Muzaffarnagar Priest Murder Case: बेटा होने की भविष्यवाणी गलत साबित होने पर 81 वर्षीय पुजारी की गोली... Mumbai Goregaon News: मुंबई के गोरेगांव में 18 महीने की मासूम की छठी मंजिल से गिरकर मौत, 10 साल की प... बिहार की राजनीति में हलचल, विधायक अनंत सिंह बोले- जब नीतीश कुछ नहीं थे, तब हमने पार्टी के लिए कुर्बा... Lucknow Shiva Sharma Murder Case: लखनऊ के चर्चित शिवा मर्डर केस में बड़ा खुलासा, नेपाल से वीडियो जार... Naturopathy Treatment: प्राकृतिक चिकित्सा से रोगों का निदान, बिना दवा के स्वस्थ रहने की कला
देश

Nirbhaya Case: फांसी के डर से खौफ के साए में चारों दोषी, सबसे ज्यादा सहमा हुआ है विनय

नई दिल्ली। 2012 Delhi Nirbhaya Case : निर्भया मामले में डेथ वारंट जारी होने के बाद तिहाड़ जेल में बंद चारों दोषियों (अक्षय सिंह ठाकुर, मुकेश सिंह, पवन कुमार गुप्ता और विनय कुमार शर्मा) की हालत खराब है। उनके चेहरे के हाव-भाव तक बदल गए हैं। चारों के चेहरे पर हमेशा उदासी छाई रहती है और सभी ने अपने-अपने सेल में चुप्पी साध ली है। वे चारों आपस में भी बात नहीं कर रहे हैं। यह सब डेथ वारंट जारी होने के बाद हुआ है। माना जा रहा है कि सारे पैंतरे

सीसीटीवी से रखी जा रही चारों पर नजर

डेथ वारंट जारी होने के बाद तिहाड़ जेल प्रशासन भी सक्रिय हो गया है। तिहाड़ जेल के अधिकारियों ने जहां चारों दोषियों की सुरक्षा बढ़ा दी है, वहीं उन पर नजर रखने के लिए सीसीटीवी का सहारा लिया जा रहा है। डेथ वारंट के बाद सबसे ज्यादा विनय कुमार शर्मा सहमा हुआ है। वह जेल की अपनी सेल में अक्सर चहलकदमी नजर आता है। इससे पहले भी पहले डेथ वारंट के बाद विनय ही लगातार फांसी को लेकर जेल अफसरों ने सवाल करता रहता था।

लगातार की जा रही काउंसलिंग

फांसी की तारीख 3 मार्च तय होने के कारण तिहाड़ जेल ने मनोचिकित्सकों के जरिये चारों दोषियों की काउंसलिंग करवाई जा रही है। चारों से लगातार बातचीत की जा रही है। तिहाड़ जेल प्रशासन से इस बात से डरा हुआ है कि कहीं वे हतोत्साहित हो कर कोई गलत कदम नहीं उठा ले। बता दें कि एक आरोपित राम सिंह 2013 में तिहाड़ जेल में आत्म हत्या कर चुका है। इसके बाद तिहाड़ की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठे थे।

फांसी की तैयारी में जुटा तिहाड़ जेल प्रशासन

​​​​​सोमवार को दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट द्वारा चारों दोषियों को फांसी के मद्देनजर डेथ वारंट जारी करने के बाद तिहाड़ में फिर फांसी की तैयारी शुरू हो चुकी है।

चारों दोषी जल्द करेंगे माता-पिता से मुलाकात

आगामी 3 मार्च को सुबह 6 बजे फांसी होनी हैं, ऐसे में चारों को फांसी देने में सिर्फ 13 दिन शेष हैं। ऐसे में सभी दोषियों को उनके माता-पिता से अंतिम बार मिलाने की प्रक्रिया भी आरंभ कर दी गई है। इस बाबत जल्द ही तिहाड़ जेल प्रशासन सभी दोषियों के परिजनों खासकर माता-पिता पत्र जारी कर अंतिम बार मुलाकात के लिए कहेगा।

अधिकारियों ने किया फांसी घर का निरीक्षण

डेथ वारंट जारी होने के साथ तिहाड़ जेल में गहमागहमी बढ़ गई है। नया डेथ वारंट जारी होने के बाद मंगलवार को तिहाड़ जेल अधिकारियों ने एक बार फिर फांसी घर का निरीक्षण किया। जायजा लेने के बाद अधिकारियों ने इसकी रिपोर्ट वरिष्ठ अधिकारियों को भेजी है। फांसी की प्रक्रिया की कड़ी में एक-दो दिन में परिवार वालों को दोषियों से अंतिम मुलाकात की तारीख बताई जाएगी। इसको लेकर जेल अधिकारी दोषियों से बातचीत कर रहे हैं। उनके बताए दिन के अनुसार ही वह तारीख तय की जाएगी।

बता दें कि 16 दिसंबर, 2012 को दिल्ली के वसंत विहार इलाके में चलती बस में निर्भया के साथ चारों (राम सिंह, एक नाबालिग, पवन, विनय, मुकेश और अक्षय) ने सामूहिक दुष्कर्म की घटना को अंजाम दिया था। इसके बाद पूरे देश में हंगामा मचने पर जहां केंद्र सरकार ने कानून में बड़ा बदलाव किया गया। इसी के साथ फास्ट ट्रैक कोर्ट में मुकदमा चला, जिसके बाद निचली अदालत के बाद दिल्ली हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट भी चारों को फांसी की सजा सुना चुका है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button