ब्रेकिंग
₹200 जुर्माने वाले मामले में 12 साल की देरी: मंडी कोर्ट ने पुलिस का चालान किया खारिज, आरोपी बरी कानपुर के नत्थापुरवा गांव में गिरा 4-सीटर ट्विन-इंजन विमान; ट्रेनर सचिन भाटिया और ट्रेनी अभिषेक की म... राहुल गांधी के दबाव में बैकफुट पर मोदी सरकार? कांग्रेस जनता के बीच ले जाएगी ये 5 बड़े मुद्दे, प्रचार... धमतरी: 10 साल से बिस्तर पर जिंदगी काट रहे शशिकांत ने मांगी इच्छामृत्यु; हमले की CBI जांच और इलाज की ... उत्तर प्रदेश सर्किल रेट लिस्ट 2026: 9 साल बाद बदलने जा रहे हैं प्रॉपर्टी के सरकारी रेट, जेवर एयरपोर्... झारखंड हाईकोर्ट का बड़ा फैसला: असिस्टेंट पब्लिक प्रॉसिक्यूटर परीक्षा पर रोक से इनकार, सरकार से 2 हफ्... गोरखपुर में पति-पत्नी के झगड़े से 1000 घरों की बिजली गुल: गुस्से में 11 KV हाईटेंशन तार पर फेंके कपड... कोटा में फिर NEET छात्रा ने की खुदकुशी: फ्लैट में फंदे से लटकी मिली खुशबू पटेल, छतरपुर से आकर कर रही... अंकित बालियान मर्डर केस में बड़ा खुलासा: सोनीपत में मिल रही थी रंगदारी व जान से मारने की धमकी, 7 मही... 'पढ़ेगा इंडिया' के दावों की खुली पोल: प्रतापगढ़ में पेड़ के तने के सहारे नाला पार करने को मजबूर मासू...
देश

उन्नाव रेप पीड़िता के पिता की हत्या मामले में दोषी कुलदीप सेंगर को आज सजा सुनाएगी कोर्ट

नई दिल्ली: उन्नाव रेप पीड़िता के पिता की हत्या मामले में दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट ने आरोपी कुलदीप सिंह सेंगर समेत 7 लोगों को दोषी करार दिया है। जिसमें यूपी पुलिस के दो अधिकारी (एक एचएसओ और एक हेड कांस्टेबल) भी शामिल है। जबकि 4 लोगों को बरी कर दिया गया है। बता दें कि इस मामले में  11 लोगों पर आरोप तय किए गए थे। आज यानि कि वीरवार को कोर्ट दोषियों को सजा सुनाएगी।

बता दें कि फैसला सुनाते हुए तीस हजारी कोर्ट के जज ने कहा कि यह मेरी जिंदगी का सबसे चुनौतीपूर्ण ट्रायल रहा। जज ने सीबीआई और पीड़ित के वकील की भी सराहना की। तीस हजारी कोर्ट ने इससे पहले 29 फरवरी को इस मामले पर सुनवाई की थी और फैसले के लिए 4 मार्च की तिथि तय की थी। इस केस में पीड़िता के पक्ष से कुल 55 लोगों ने गवाही दी। वहीं बचाव पक्ष की तरफ से नौ गवाह कोर्ट में पेश हुए।

पुलिस हिरासत में हुई थी पीड़िता के पिता की मौत 
गौरतलब है कि 9 अप्रैल 2018 को उन्नाव में पीड़िता के पिता की पुलिस हिरासत में मौत हो गई थी। पीड़िता के परिजनों ने हत्या का आरोप  कुलदीप सेंगर पर लगाया था। वहीं इस बारे में 13 अगस्त 2019 को अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश (एएसजे) धर्मेश शर्मा ने कहा था- पीड़िता के पिता को कथित रूप से गलत तरीके से फंसाया गया था। उन्हें हिरासत में भेज दिया गया था। जहां उनकी मृत्यु हो गई थी। इसके पीछे क्या कोई मंशा थी? यह सब जांच का विषय है।

उन्होंने कहा कि यह एक बड़ी साजिश थी, जो पीड़िता के पिता को पैरवी करने से रोकने के लिए की गई थी। कोर्ट ने कुलदीप सिंह सेंगर, उनके भाई अतुल सेंगर, उत्तर प्रदेश पुलिस के तीन कर्मियों और पांच अन्य लोगों पर आरोप तय किए थे।

कौन दोषी-कौन बरी-

1- कुलदीप सरेंगेर — दोषी

2- कामता प्रसाद, सब इंस्पेक्टर — दोषी

3- अशोक सिंह भदौरिया, स्॥ह्र- दोषी

4- शैलेंद्र सिंह उर्फ टिंकू सिंह–बरी

5- विनीत मिश्रा उर्फ विनय मिश्रा–दोषी

6- बीरेंद्र सिंह उर्फ बउवा सिंह–दोषी

7- राम शरण सिंह उर्फ सोनू सिंह–बरी

8- शशि प्रताप सिंह उर्फ सुमन सिंह–दोषी

9- अमीर खान, कॉन्स्टेबल–बरी

10- जयदीप सिंह उर्फ अतुल सिंह–दोषी

11- शरदवीर सिंह–बरी

Related Articles

Back to top button