ब्रेकिंग
मणिपुर के जंगलों में लगी भीषण आग; वायुसेना के Mi-17V5 हेलिकॉप्टरों ने मोर्चा संभाला, आसमान से बरसाया... "उत्तराखंड के दीपक भारत के हीरो"; राहुल गांधी ने किया समर्थन, बीजेपी और संघ पर साधा तीखा निशाना शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद से मिले अलंकार अग्निहोत्री; दिल्ली कूच की दी बड़ी चेतावनी, जानें क्या ह... Bihar News: औरंगाबाद में पांच सहेलियों ने उठाया खौफनाक कदम; 4 की जान गई, एक की हालत गंभीर, आत्महत्या... Delhi-UP Weather Update: दिल्ली-यूपी में बारिश और पहाड़ों पर बर्फबारी का अलर्ट, IMD ने अगले 3 दिनों ... Jalandhar Crime: जालंधर में दिन-दिहाड़े ज्वैलर पर खूनी हमला, दुकान में घुसकर बदमाशों ने मचाया तांडव;... Punjab Road Accident: पंजाब में भीषण सड़क हादसा, पेड़ से टकराकर कार के उड़े परखच्चे; चालक की मौके पर... नशे का 'ग्लोबल नेटवर्क' ध्वस्त! विदेशों में होनी थी अफीम की सप्लाई, पुलिस ने ऐसे बेनकाब किया अंतरराष... PM मोदी ने डेरा सचखंड बल्लां में टेका मत्था; संत निरंजन दास जी से लिया आशीर्वाद, रविदास जयंती पर बड़... PM मोदी की यात्रा रविदासिया समाज के प्रति सम्मान और विश्वास का संदेश: सुखमिंदरपाल सिंह ग्रेवाल
मध्यप्रदेश

शावक को दूध पिलाती बाघिन, सामने आया जंगल का खूबसूरत Video

मध्य प्रदेश के पन्ना टाइगर रिजर्व में मां की ममता का अद्भुत नजारा देखने को मिला. यहां बाघिन पी-151 अपने शावक को दूध पिलाते हुए कैमरे में कैद हुई, जो एक दुर्लभ और भावुक कर देने वाला दृश्य था. आमतौर पर बाघ अपने शावकों को बहुत छिपाकर रखते हैं, लेकिन इस अनमोल क्षण ने वहां मौजूद पर्यटकों और वन्यजीव प्रेमियों को भावविभोर कर दिया. यह दृश्य न केवल मातृत्व की अद्भुत भावना को दर्शाता है, बल्कि यह भी संकेत देता है कि जंगल में बाघों का जीवन सुरक्षित और संतुलित है.

पन्ना टाइगर रिजर्व में मां की ममता और जंगल की यह सुंदर झलक हर दिल को छू लेने वाली थी.बाघों की दुनिया में मातृत्व की झलक बहुत कम देखने को मिलती है, क्योंकि ये जंगली शिकारी आमतौर पर अपने जीवन के निजी पहलुओं को छिपाकर रखते हैं. लेकिन पन्ना टाइगर रिजर्व के कोर जोन में यह अनमोल क्षण तब देखने को मिला, जब बाघिन पी-151 अपने नन्हे शावक को बड़े प्यार से दूध पिला रही थी. वहां मौजूद पर्यटकों ने इस दृश्य को अपने कैमरों में कैद कर लिया और यह नजारा सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है.

पर्यटकों के लिए रोमांचक अनुभव

इस दुर्लभ दृश्य को देखकर पर्यटकों की खुशी का ठिकाना नहीं रहा. जंगल सफारी के दौरान आमतौर पर बाघों को शिकार करते या आराम करते देखा जाता है, लेकिन बाघिन का अपने शावक को दूध पिलाते देखना एक असाधारण अनुभव था. वन्यजीव विशेषज्ञों का मानना है कि बाघिनों के इस तरह के व्यवहार को कैमरे में कैद करना बहुत मुश्किल होता है, क्योंकि वे अपने शावकों को अत्यधिक सुरक्षा में रखती हैं.

बाघों के संरक्षण का सकारात्मक संकेत

वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार, यह दृश्य इस बात का संकेत है कि पन्ना टाइगर रिजर्व में बाघों का जीवन सुरक्षित और खुशहाल है. जंगल में बाघों की संख्या में वृद्धि हुई है और उनके लिए अनुकूल वातावरण बना हुआ है. अधिकारियों ने बताया कि बाघिन पी-151 पहले भी कई शावकों को जन्म दे चुकी है और उसकी अच्छी सेहत यह दर्शाती है कि यहां का पारिस्थितिक तंत्र बाघों के अनुकूल बना हुआ है.

पन्ना टाइगर रिजर्व की सफलता

पन्ना टाइगर रिजर्व कभी बाघों की संख्या में भारी गिरावट के कारण संकट में था, लेकिन पिछले कुछ वर्षों में यहां बाघों की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है. पन्ना टाइगर रिजर्व में अब बाघो की संख्या 90 के करीब है. वन विभाग और स्थानीय समुदायों के सतत प्रयासों के कारण अब यह क्षेत्र बाघों के लिए एक आदर्श आवास बन चुका है जो छतरपुर पन्ना और सतना जिले में फैला हुआ है. बाघिन पी-151 और उसके शावक का यह दुर्लभ दृश्य इसी सफलता की कहानी को बताता है.

Related Articles

Back to top button