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पंजाब

शहर निवासियों ने खुद संभाली कमान, प्रशासन को दी सीधी चेतावनी

बरनाला  : शहर के प्रमुख चिंटू पार्क में फैली गंदगी और असामाजिक तत्वों की बढ़ती गतिविधियों से परेशान होकर शहर निवासियों ने अब खुद ही मोर्चा संभाल लिया है। आज सुबह बड़ी संख्या में शहरवासी चिंटू पार्क में एकत्रित हुए और मिलकर सफाई अभियान चलाया। इस दौरान उन्होंने पार्क की दुर्दशा पर चिंता व्यक्त की और प्रशासन से शराब के ठेके को हटाने व असामाजिक तत्वों पर नकेल कसने की मांग की।

इस अवसर पर नगर कौंसिल के पूर्व अध्यक्ष मक्खन शर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि “सफाई से बड़ा कोई धर्म नहीं है।” उन्होंने दुख व्यक्त करते हुए कहा कि चिंटू पार्क, जो कभी सुबह की सैर के लिए शहरवासियों की पहली पसंद हुआ करता था, आज गंदगी का अंबार बन गया है। लोग सुबह ताजी हवा में सैर करने की उम्मीद से यहां आते हैं, लेकिन उन्हें निराशा ही हाथ लगती है। शर्मा ने जोर देकर कहा कि स्वच्छ वातावरण स्वस्थ जीवन के लिए आवश्यक है और प्रशासन को इस दिशा में गंभीरता से ध्यान देना चाहिए। उन्होंने कहा कि यह केवल पार्क की सफाई का मामला नहीं है, बल्कि शहर के नागरिकों के स्वास्थ्य और सुरक्षा से जुड़ा मुद्दा है।

लायंस क्लब के पूर्व अध्यक्ष कुलतार तारी ने चिंटू पार्क की बदहाली का मुख्य कारण पार्क के बिल्कुल सामने खुले शराब के ठेके को बताया। उन्होंने कहा कि शाम के समय असामाजिक तत्व इस ठेके से शराब खरीदते हैं और खुलेआम चिंटू पार्क में बैठकर पीते हैं। शराब पीने के बाद वे बोतलें, गिलास और अन्य कचरा पार्क में ही फेंक कर चले जाते हैं, जिससे पार्क की हालत और भी खराब हो जाती है। तारी ने बताया कि इस संबंध में उनकी तरफ से डिप्टी कमिश्नर को लिखित में मांग पत्र दिया जा चुका है, लेकिन अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।

उन्होंने प्रशासन से जल्द से जल्द इस ठेके को पार्क से दूर स्थानांतरित करने की मांग की ताकि पार्क का माहौल सुधर सके और लोग बिना किसी डर के इसका उपयोग कर सकें। तारी ने कहा कि इस तरह की लापरवाही शहर के सौंदर्य और शांति को भंग करती है। शहर निवासियों का यह सफाई अभियान उनकी एकजुटता और नागरिक भावना का प्रतीक था। सुबह-सुबह ही बड़ी संख्या में लोग झाड़ू, फावड़े और कचरा बैग लेकर पार्क पहुंच गए और घंटों तक साफ-सफाई का काम किया। उन्होंने न केवल कचरा साफ किया बल्कि पार्क को फिर से सुंदर बनाने का संकल्प भी लिया।

इस अभियान में बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया, जो दिखाता है कि यह समस्या कितनी गंभीर है और लोग इसके समाधान के लिए कितने प्रतिबद्ध हैं। आज के इस चिंटू पार्क के सफाई अभियान में नगर कौंसिल के पूर्व अध्यक्ष मक्खन शर्मा, जिला क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष विवेक सिंधवानी, सुखदेव लुटावा, विजय गोयल, अजय मित्तल पप्पू टल्लेवालिया, रविंद्र कुमार पप्पू, संजय गर्ग, लायंस क्लब के अध्यक्ष उमेश बंसल, राजीव जैन, गगन सहल, मनीष कुमार मनी, राजीव लोचन मीठा, बिट्टू जे ई, कुलतार तारी, नीरज निग्गू, श्रीकांत शैलर वाले, विनोद कंसल, जीवन बंसल गोला, रविंद्र कौशल, संदीप पंप वाले, लवली बंसल इत्यादि सहित भारी संख्या में शहरवासी उपस्थित थे। सभी ने मिलकर पार्क को साफ करने के लिए श्रमदान किया और भविष्य में भी ऐसे अभियानों में सक्रिय रूप से भाग लेने का संकल्प लिया। शहर निवासियों ने एक स्वर में प्रशासन से मांग की है कि चिंटू पार्क की दुर्दशा पर तत्काल ध्यान दिया जाए।

उनकी मुख्य मांगों में शामिल हैं:

 * शराब के ठेके का स्थानांतरण: चिंटू पार्क के सामने स्थित शराब के ठेके को तुरंत कहीं और स्थानांतरित किया जाए ताकि असामाजिक तत्वों का जमावड़ा बंद हो सके।
* नियमित सफाई: नगर कौंसिल द्वारा चिंटू पार्क की नियमित और प्रभावी सफाई सुनिश्चित की जाए।
* सुरक्षा व्यवस्था: पार्क में शाम के समय पुलिस गश्त बढ़ाई जाए ताकि असामाजिक तत्वों पर नकेल कसी जा सके और शहरवासी सुरक्षित महसूस कर सकें।
* पार्क का रखरखाव: पार्क के रख-रखाव के लिए उचित बजट आवंटित किया जाए और इसमें बच्चों के लिए झूले, बैठने के लिए बेंच, और हरियाली को बढ़ावा दिया जाए।

शहरवासियों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र ध्यान नहीं दिया गया, तो वे भविष्य में और बड़े स्तर पर आंदोलन करने के लिए मजबूर होंगे। चिंटू पार्क शहर के लिए एक महत्वपूर्ण सार्वजनिक स्थान है और इसे स्वच्छ व सुरक्षित बनाए रखना प्रशासन की जिम्मेदारी है। उम्मीद है कि इस जनभागीदारी अभियान के बाद प्रशासन जागेगा और चिंटू पार्क को उसकी पुरानी रौनक लौटाने के लिए उचित कदम उठाएगा।

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