प्रेमानंद महाराज ने बताया जीवन का सबसे बड़ा सत्य! वह अमूल्य चीज क्या है, जिसे खरीदना है असंभव? जानें इसका महत्व

वृंदावन के प्रसिद्ध संत प्रेमानंद जी महाराज आए दिनों लोगों को अपने ज्ञान से मार्गदर्शन देते हैं और जीवन जीने की सही तरीका बताते हैं. हाल ही में एक प्रवचन के दौरान प्रेमानंद महाराज ने एक अमूल्य चीज के बारे में लोगों को बताया जिसे खरीदना असंभव है. फिर चाहे उसे खरीदने के लिए आपको अपना सबकुछ ही क्यों न बेचना पड़े, लेकिन आप फिर भी उसे नहीं खरीद पाएंगे.
किस चीज को खरीदना असंभव?
प्रेमानंद महाराज ने कहा, “आपके सांसें इतनी कीमती हैं कि आप 50 वर्ष की आयु में जितना रुपया, पैसा, मकान और संपत्ति अर्जित किए हैं, ये सबकुछ बेच दें तो भी आपको एक सांस अधिक नहीं मिलेगी. इसलिए हमारी सबसे प्रार्थना है कि कोई पैसा नहीं लगता, कोई मेहनत नहीं लगती, हर सांस पर राधा-राधा नाम जपते रहिए. आपका परम कल्याण हो जाएगा.”
कैसे होगा कल्याण?
प्रेमानंद महाराज ने आगे बताया कि अगर राधा नाम प्रिय नहीं हो तो आप हरि, कृष्ण, शिव, जो भी नाम प्रिय हो उसे जपते रहिए. केवल नाम जपने से ही आपका मनुष्य जीवन सार्थक हो जाएगा, अन्यथा शरीर छूटने के बाद व्यक्ति अपने साथ कुछ नहीं ले जा सकता. ऐसे में मृत्यु से पहले ही अपने हर श्वास पर भगवान का नाम जपते रहिए. इसी से आपका कल्याण होगा.
महाराज जी ने कहा कि शरीर त्यागने के बाद व्यक्ति कुछ साथ लेकर नहीं जाता है. सांस छूटते ही शरीर, मकान, पत्नी, पुत्र, परिवार और हर भौतिक सुख यहीं रह जाता है. इसके बाद इंसान को उसके पाप-पुण्य के आधार पर पशु-पक्षी या किसी दूसरी योनि में जन्म मिलता है. वो जन्म कहां और किस योनि में होगा, ये किसी को नहीं पता. इसलिए अपनी प्रत्येक सांस में ईश्वर के नाम का स्मरण करें. दुनिया में ऐसे लाखों लोग हैं जिन्होंने राधा नाम अपनाकर बुरे आचरण का त्याग किया है.






