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झारखण्ड

प्राकृतिक आपदाओं से लड़ने की तैयारी: देवघर में NDRF की मॉक ड्रिल, बच्चों और बड़ों को जीवन रक्षा के सिखाए गए तरीके

देवघर: किसी भी प्राकृतिक आपदाओं से निपटने के लिए और लोगों को जागरूक करने के लिए देवघर में एनडीआरएफ ने मॉक ड्रिल किया. इस दौरान बच्चों से लेकर आमजन सभी को सुरक्षा के तरीके बताए गए. देवघर के स्कूलों और सार्वजनिक जगहों पर ट्रेनिंग कैंपेन चलाए गए, ताकि यह पक्का किया जा सके कि प्राकृतिक आपदाओं के दौरान लोग अपनी सुरक्षा को लेकर सतर्क रहें.

इस अभ्यास के दौरान, एनडीआरएफ टीम ने स्कूली बच्चों और लोगों को सिखाया कि आपदा के समय घबराने के बजाय समझदारी से अपनी सुरक्षा कैसे करें. मॉक ड्रिल के बारे में जानकारी देते हुए एनडीआरएफ के अधिकारी कृष्ण मुरारी ने बताया कि इस अभ्यास का मुख्य मकसद भूकंप जैसी आपदा की स्थिति में जान-माल के नुकसान को कम करना है. उन्होंने लोगों को बताया कि भूकंप आने पर कहां शरण लेनी है, कैसे सुरक्षित बाहर निकलना है और क्या सावधानियां बरतनी हैं.

उन्होंने आगे बताया कि देवघर के खनन प्रभावित इलाकों में रहने वाले लोगों को किसी भी दुर्घटना से बचने के लिए कैसे सतर्क रहना चाहिए. पहाड़ी और पर्यटन इलाकों में आने वाले टूरिस्ट से भी अपील की गई कि वे उन जगहों पर ना जाएं, जहां जिला प्रशासन और एनडीआरएफ ने पहले ही चेतावनी जारी की हो.

एनडीआरएफ अधिकारियों ने यह भी बताया कि भविष्य में आपदा राहत सेवाओं को और तेज और असरदार बनाने के लिए मुख्यालय और स्थानीय कार्यालय के बीच लगातार विचार-विमर्श चल रहा है. इसका मकसद है कि जरूरत पड़ने पर एनडीआरएफ की मदद आम लोगों तक कम से कम समय में पहुंचे और ज्यादा से ज्यादा क्षेत्र को सुरक्षित किया जा सके.

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