ब्रेकिंग
Rajnath Singh South Korea Visit: सियोल में गरजे राजनाथ सिंह—'भारत को विकसित देश बनने से दुनिया की को... Alwar Car Suffocation Death: अलवर में दिल दहला देने वाला हादसा; कार में बंद होने से दो मासूम सगी बहन... Muzaffarpur Crime News: मुजफ्फरपुर में दिनदहाड़े प्रोपर्टी डीलर की गोली मारकर हत्या; मुंह और सीने मे... NEET UG Paper Leak: पेपर लीक मामले पर बड़ी कार्रवाई; संसदीय समिति ने NTA प्रमुख और शिक्षा मंत्रालय क... Kashmir Offbeat Tourism: दिल्ली-जयपुर की 44°C गर्मी से राहत; कश्मीर के 12,000 फीट ऊंचे 'रजदान पास' प... Bihar Politics JDU Row: जेडीयू में बड़ा घमासान; आनंद मोहन का नीतीश कुमार पर हमला—'थैली पहुंचाने वाले... Mumbai-Ahmedabad Bullet Train: बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट में बड़ी कामयाबी; भरूच में रेलवे ट्रैक के ऊपर 1... Kashmir Weather Update: कश्मीर में भी टूटा गर्मी का रिकॉर्ड; मई में जून-जुलाई जैसी तपिश, श्रीनगर में... NEET Paper Leak 2026: नीट पेपर लीक मामले के आरोपी शिवराज मोटेगावकर पर बड़ा एक्शन; पुणे में RCC क्लास... Ujjain Garbage Cafe: उज्जैन में कचरे के बदले मिलेगी चाय, कॉफी और भरपेट खाना; नगर निगम खोलने जा रहा 3...
मध्यप्रदेश

Bank Fraud or Glitch: बैंक खाते में अचानक आए करोड़ों रुपये, बैंक अधिकारी कुछ समझ पाते उससे पहले ही 30 करोड़ गायब

विदिशा: विदिशा में एक प्रमुख सरकारी बैंक को माध्यम बनाकर जालसाजों ने 23 करोड़ रुपये की हेराफेरी की. बैंक प्रबंधन की शिकायत पर विदिशा पुलिस के साथ ही सायबर सेल मामले की जांच में जुटी है. जालसाजों ने एक फर्जी कंपनी बनाई. लोगों से ठगी गई राशि फर्जी कंपनी के बैंक खाते में जमा कराई गई. और फिर एक दिन एक झटके में करीब 23 करोड़ की राशि निकाल ली गई. जब तक बैंक प्रबंधन सचेत होता, कार्रवाई करता, तब तक जालसाज अपना काम कर चुके थे.

धोखाधड़ी के लिए खोला कंपनी के नाम बैंक खाता

विदिशा स्थित एक सरकारी बैंक के मुख्य प्रबंधक धर्मवीर सिंह द्वारा की गई थी. शिकायत पर पुलिस ने 03 लोगों के विरुद्ध मुकदमा पंजीबद्ध किया. मुख्य प्रबंधक ने 27 फरवरी 2026 को दी शिकायत में बताया “M/S TRIUNITY VENTURES (Partnership Firm) के नाम से एक संदिग्ध खाता खोला गया. इसका उपयोग बड़े पैमाने पर धोखाधड़ी के लिए किया गया. यह खाता 16 सितंबर 2025 को पार्टनर दीपक राठौर, रवि शर्मा और शुभम कुशवाहा द्वारा खोला गया.”

23 करोड़ से अधिक के लेनदेन, लाखों ट्रांजेक्शन संदिग्ध

शिकायत में उल्लेख किया गया है “करंट अकाउंट नंबर 44474004340 में 23,27,04,559 रुपये की क्रेडिट और 23,20,85,268 रुपये की डेबिट राशि दर्ज हुई. खाते में करीब डेढ़ लाख से अधिक छोटे-छोटे ट्रांजेक्शन क्रेडिट किए गए, जबकि कई बड़ी राशि के भुगतान (डेबिट) भी किए गए.” वर्तमान में खाते में केवल 6,19,291 रुपये शेष पाए गए हैं. संदिग्ध गतिविधियों के कारण बैंक ने इस खाते पर होल्ड लगा दिया.

बैंक खाते में ठगी की राशि जमा हुई

शिकायत में कहा गया है “पार्टनरशिप फर्म फर्जी वेंचर प्रतीत होती है. इसका उपयोग लोगों के साथ ठगी कर अवैध रूप से लाभ अर्जित करने के लिए किया गया. कोतवाली पुलिस ने प्राथमिक जांच के बाद आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की धाराएं 318(4), 336(3), 338, 340(2) के तहत प्रकरण दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है.”

फिलहाल खाते में सिर्फ साढ़े 6 लाख जमा

इस मामले में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. प्रशांत चौबे ने बताया “बैंक द्वारा शिकायत मिलने के बाद कोतवाली थाना क्षेत्र में एफआईआर दर्ज की गई. खाते में लाखों के नहीं बल्कि करोड़ों के लेनदेन हुए हैं. लगभग 23 करोड़ 27 लाख रुपये खाते में आए और करीब 23 करोड़ 20 लाख रुपये विभिन्न खातों में स्थानांतरित कर दिए गए. खाते में शेष मात्र साढ़े 6 लाख रुपये मिले हैं, जो अकाउंट होल्डर्स की आर्थिक स्थिति के अनुसार संदेह पैदा करते हैं.”

बड़े नेटवर्क के खुलासा होने की उम्मीद

एएसपी डॉ. प्रशांत चौबे ने बताया “खाते पर कई राज्यों से होल्ड लगाया गया है. ट्रांजेक्शन, शिकायतें, लाभार्थी खातों और धन के प्रवाह का विश्लेषण किया जा रहा है. दो आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जबकि मुख्य आरोपी शुभम कुशवाहा फरार है. बड़े अपराध का खुलासा होने की पूरी संभावना है. पुलिस टीम अब सभी ट्रांजेक्शन की और गहराई से जांच कर रही है, धन किस-किस खाते में गया, किन राज्यों में शिकायतें दर्ज हैं तथा धोखाधड़ी से लाभ उठाने वाले सभी व्यक्तियों की पहचान की जा रही है.”

Related Articles

Back to top button