Chhattisgarh Crime: धमतरी फायरिंग रेंज में चली गोली, नगर सेना जवान को लगी; मची अफरा-तफरी, हालत नाजुक

धमतरी: गंगरेल मरादेव स्थित फायरिंग रेंज में आज सुबह एक बड़ा हादसा हो गया. प्रशिक्षण के दौरान नगर सेना का एक जवान गंभीर रूप से घायल हो गया. बताया जा रहा है कि फायरिंग अभ्यास के दौरान 3 नॉट 3 राइफल का चैंबर अचानक फट गया, जिससे राइफल के पार्ट्स तेज़ी से उछलकर पास खड़े जवान के सिर व गर्दन के पास जा लगे.
घायल जवान बलौदाबाजार का रहने वाला
घायल जवान की पहचान बलौदाबाजार निवासी चौबेलाल टंडन (45) के रूप में हुई है. हादसे के तुरंत बाद मौके पर मौजूद अधिकारियों और साथियों ने उसे तत्काल जिला अस्पताल धमतरी पहुंचाया, जहां डॉक्टरों की टीम द्वारा उसका इलाज जारी है. फिलहाल जवान की स्थिति सामान्य बताई जा रही है और वह बातचीत कर रहा है.
136 नगर सेना के जवानों का हो रहा फायरिंग प्रशिक्षण
गंगरेल स्थित फायरिंग रेंज में पिछले करीब एक माह से नगर सेना के जवानों का प्रशिक्षण चल रहा है, जिसका सोमवार को अंतिम दिन था. इस प्रशिक्षण में छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों से करीब 136 नगर सेना के जवान शामिल हुए. सभी जवान माना सीटीआई से लीडरशिप कोर्स के तहत प्रशिक्षण के लिए धमतरी पहुंचे थे. प्रशिक्षण के दौरान 14 पार्टियों में जवानों को बांटा गया था, जिसमें प्रत्येक ग्रुप में 10-10 जवान शामिल थे.
राइफल का चैंबर फटने से हादसा
घटना को लेकर सहायक उप निरीक्षक एवं प्रशिक्षण प्रभारी डीआर बांधे ने बताया कि फायरिंग के दौरान अचानक बाजू में खड़े जवान की राइफल का चैंबर फट गया. उन्होंने बताया कि जिसे चैंबर स्टिक कहा जाता है, वह फटकर निकला और घायल जवान की गर्दन के पास से टच करते हुए निकल गया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया. उन्होंने यह भी बताया कि संबंधित राउंड पहले ही फायर हो चुका था.
तकनीकी कारणों से राइफल का चैंबर फटने की आशंका
बांधे ने आगे बताया कि सभी जवान अपने साथ माना सीटीआई से राइफल लेकर आए थे और करीब 55 राइफलें प्रशिक्षण में उपयोग की जा रही थीं. उन्होंने कहा कि राइफल सामान्य स्थिति में थी, लेकिन अचानक तकनीकी कारणों से यह घटना हुई. गर्मी के मौसम का भी असर हो सकता है, हालांकि यह कोई चिंताजनक स्थिति नहीं है.
घायल जवान की हालत सामान्य
वहीं जिला अस्पताल के सिविल सर्जन ए.के. टोंडर ने बताया कि फायरिंग के दौरान घायल हुए जवान को अस्पताल लाया गया है. फिलहाल उसकी हालत सामान्य है, हालांकि कुछ गंभीर चोट के निशान दिखाई दे रहे हैं. एक्स-रे रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि अंदर कोई धातु का टुकड़ा फंसा है या नहीं, उसी आधार पर आगे का उपचार किया जाएगा.
घटना के बाद फायरिंग रेंज में मौजूद अन्य जवानों और अधिकारियों में हड़कंप मच गया. फिलहाल प्रशासन द्वारा मामले की जांच की जा रही है और राइफल में आई तकनीकी खराबी के कारणों का पता लगाया जा रहा है.






