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मध्यप्रदेश

रोंगटे खड़े कर देगी इस मासूम की बहादुरी! 7 मिनट तक तेंदुए का जबड़ा पकड़े मौत से लड़ता रहा बच्चा

Narmadapuram Leopard Attack: मध्य प्रदेश के नर्मदापुरम जिले से एक हैरतअंगेज घटना सामने आई है, जहां घर के बाहर खेल रहे एक 14 साल के बच्चे पर तेंदुए ने हमला कर दिया. बच्चे ने साहस दिखाते हुए तेंदुए का मुकाबला किया और करीब 7 मिनट तक उसका जबड़ा मजबूती से पकड़े रहा. इस दौरान घायल होने के बावजूद भी बच्चे ने हिम्मत नहीं हारी. बच्चे के शोर मचाने के बाद मौके पर पहुंचे गांव वालों को देख कर तेंदुआ भाग गया.

जानकारी के अनुसार, नर्मदापुरम जिले के सतपुड़ा टाइगर रिजर्व के पास कुर्सीखापा गांव में अपने घर के पास 14 साल का सत्यम खेल रहा था. इसी दौरान जंगल से एक खतरनाक तेंदुए से उसका सामान हो गया. तेंदुए जैसे जंगली और खतरनाक जानवर का सामना करने पर बड़े-बड़ों के पैर कांप जाते हैं, उस जानवर से 14 साल का बच्चा निहत्था भिड़ गया. सत्यम और तेंदुए की यह भिड़ंत लगभग 7 मिनट तक चली, जिसमे तेंदुए ने सत्यम के पेट और पैर को अपने पंजे से घायल कर दिया.

बच्चे ने पकड़े रखा तेंदुए का जबड़ा

घायल होने पर भी सत्यम ने तेंदुए का जबड़ा नहीं छोड़ा और शोर मचाता रहा. शोर सुनकर गांव वाले लाठी-डंडे लेकर दौड़ पड़े. सत्यम और तेंदुए की लड़ाई देखकर सभी लोगों के पसीने छूट गए. लोगों ने तेज आवाज और लाठी-डंडों की सहायता से तेंदुए को डराने की कोशिश की. तमाम कोशिशों के बाद तेंदुआ जंगल की ओर भाग गया. इसके बाद घायल सत्यम को आनन-फानन में पिपरिया के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया और तेंदुए के गांव में आने की खबर वन विभाग को दी गई.

हाथ-पैर में आए गंभीर घाव

सूचना पाकर सतपुड़ा टाइगर रिजर्व की टीम और फॉरेस्ट गार्ड वरबेंद्र शाह ने मौके पर पहुंचकर छानबीन की और घटना स्थल की निशानदेही से तेंदुए की खोज जारी है. वन विभाग ने सत्यम के परिवार को आर्थिक सहायता दी और तेंदुए से बचाव के लिए लोगों को चेतावनी दी. घायल सत्यम का इलाज कर रहे डॉक्टर ने बताया कि सत्यम को तेंदुए की भिड़ंत में पेट, हाथ और पैरों में गहरे जख्म आए हैं. सत्यम की हालत फिलहाल स्थिर है.

परिवारीजनों ने सत्यम से मिलकर बताया कि बच्चा बिल्कुल भी डरा हुआ नहीं है, बल्कि उसकी आंखों में जीत की चमक दिखाई दे रही है. सत्यम की हिम्मत की अब पूरे इलाके में खूब सरहाना हो रही है.

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