ब्रेकिंग
HCL मलाजखंड और आईआईटी कानपुर की SATHEE पहल ने मलाजखंड में आयोजित किया करियर काउंसलिंग एवं जागरूकता स... गाजियाबाद में निषाद पार्टी का कार्यक्रम, काफी संख्या में कार्यकर्ता हुए शामिल कवर्धा में फर्जी डिजिटल पेमेंट का भंडाफोड़: फर्जी रिसीविंग दिखाकर नकद राशि ऐंठने वाले गिरोह पर एक्शन Bhilai News: भिलाई सेक्टर-2 में गटर की सफाई के दौरान मिला नवजात का शव, इलाके में सनसनी; जांच में जुट... Barwani News: बिजासन घाट में शिमला मिर्च से भरे मिनी ट्रक में लगी भीषण आग, कूदकर बची ड्राइवर की जान;... लाठीचार्ज के बाद भड़के डॉक्टर्स, सीनियर रेजिडेंट्स ने किया OPD का बहिष्कार; JDA का समर्थन MP High Court on Dacoity Act: जब प्रदेश में डकैत ही नहीं तो 45 साल पुराना एक्ट क्यों? हाईकोर्ट ने DG... भोपाल में स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग पर अड़े इंटर्न डॉक्टर: कमला पार्क में धरना जारी, मिला कांग्रेस का... रतलाम में मॉडिफाइड साइलेंसरों पर गरजा पुलिस का बुलडोजर: 108 साइलेंसर कुचले, ₹1 लाख का जुर्माना वसूला Gwalior Achaleshwar Mandir: अचलेश्वर महादेव मंदिर की दानपेटी से निकली अनोखी चिट्ठियां, भक्त बोला- 'क...
देश

केरल विधानसभा में विपक्ष का हंगामा, मुख्यमंत्री पिनराई विजयन के इस्तीफे की उठी मांग

तिरुवंतपुरम। केरल विधानसभा में विपक्ष द्वारा जमकर हंगामा किया गया। राज्यपाल के संबोधन का बहिष्कार करते हुए कांग्रेस के नेतृत्व वाली यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (UDF) ने केरल विधानसभा के सामने विरोध जताते हुए मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन के नेतृत्व वाली वाम सरकार को पद छोड़ने के लिए कहा। इस दौरान राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने अपने संबोधन में कहा कि वह अपना संवैधानिक कर्तव्य निभा रहा रहे हैं और उम्मीद है कि कोई बाधा नहीं बनेगा। इस दौरान कांग्रेस के नेतृत्व वाले विपक्ष ने राज्यपाल के संबोधन के दौरान ही विधानसभा से वॉकआउट किया। बता दें कि इससे पहले भी राज्य विधानसभा में विपक्ष ने जमकर हंगामा किया था।

इससे पहले हाई प्रोफाइल सोना तस्करी मामले में विधानसभा स्पीकर पी. श्रीरामकृष्णन के सहायक निजी सचिव के. अय्यप्पन से कस्टम विभाग की पूछताछ को लेकर टकराव की स्थिति पैदा हुई थी। पी. श्रीरामकृष्णन ने बीते दिन कहा था कि तस्करी के मामले में उनके सहायक निजी सचिव से सीमा शुल्क विभाग द्वारा पूछताछ करने के लिए उनकी पूर्व अनुमति जरुरी है। इसके साथ ही कहा था कि वह किसी भी जांच में बाधा उत्पन्न नहीं करेंगे। श्रीरामकृष्णन ने विधानसभा कार्य विधि के नियमों का हवाला देते हुए कहा था कि विधानसभा परिसर में किसी भी व्यक्ति के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने के लिए स्पीकर की अनुमति जरुरी है।

Related Articles

Back to top button