ब्रेकिंग
देवघर में मकर संक्रांति पर उमड़ी भक्तों की भीड़, बाबा बैद्यनाथ धाम में विशेष भोग और पूजा का आयोजन दुमका में बस और ट्रक की सीधी टक्कर, हादसे में 12 से अधिक यात्री घायल पाकुड़ में ट्रेन डिरेल का मामला: रेल पुलिस ने तीन आरोपियों को किया गिरफ्तार चाइनीज मांझा पतंग ही नहीं काटती है जिंदगी की डोर भी, भूल से भी न करें इस्तेमाल जमशेदपुर में युवक का शव मिलने से सनसनी, पुलिस जांच में जुटी दुमका में सोहराय मिलन समारोह: ढोल-मांदर की थाप पर आदिवासियों संग झूमे विदेशी मेहमान हजारीबाग में अपनी ही सरकार के खिलाफ मुखर हुए पूर्व मंत्री योगेंद्र साव, खनन और ट्रांसपोर्ट ठप, कंपनी... राज्यसभा सांसद आदित्य साहू के हाथों में झारखंड भाजपा की कमान, 21 राष्ट्रीय परिषद सदस्यों के नाम की भ... ज्वेलरी शॉप में नकाबपोश की एंट्री पर रोक का विरोध, पुलिस से वैकल्पिक व्यवस्था की मांग छत्तीसगढ़ कांग्रेस संगठन में बड़ा फेरबदल, 307 ब्लॉक अध्यक्षों की हुई नियुक्ति, AICC ने जारी की लिस्ट
देश

कृषि कानून: सरकार से बातचीत करने के लिए किसान तैयार, राकेश टिकैत ने रखी एक शर्त

भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) नेता राकेश टिकैत ने एक बार फिर सरकार से बातचीत करने की बात दोहराई है। राकेश टिकैत का कहना है किसान संगठन केन्द्र के साथ बातचीत फिर शुरू करने को तैयार हैं, लेकिन यह बातचीत नये कृषि कानूनों को वापस लेने पर होनी चाहिए।

बातचीत केन्द्र के नये कृषि कानूनों को वापस लेने पर हो: टिकैत 
राकेश टिकैत ने कहा कि मांगें पूरी होने से पहले किसानों के प्रदर्शन स्थल से हटने का कोई सवाल ही पैदा नहीं होता। उन्होंने कहा कि जब सरकार बात करना चाहेगी, संयुक्त किसान मोर्चा बात करेगा। लेकिन बातचीत केन्द्र के नये कृषि कानूनों को वापस लेने पर होनी चाहिए।

26 मई को ‘काला दिवस’ मनाएंगे किसान
बता दें कि केंद्र के तीन कृषि कानूनों के खिलाफ किसान एक बार फिर बड़ा प्रदर्शन करने की तैयारी में हैं।  किसान कृषि कानूनों के विरोध में चल रहे आंदोलन के 6 महीने पूरे होने पर 26 मई को ‘काला दिवस’ के रूप में मनाएंगे। प्रदर्शनकारी किसानों की मांग है कि सरकार इन तीनों कानूनों को वापस ले. साथ ही किसान न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) की गारंटी के लिए नया कानून भी चाहते हैं।

Related Articles

Back to top button