जीएसटी संग्रहण में छत्तीसगढ़ में 33 फीसद वृद्धि

रायपुर: छत्तीसगढ़ में इस जुलाई 2,432 करोड़ रुपये का जीएसटी संग्रहण हुआ है, जो वर्ष 2020 की इसी अवधि से 33 प्रतिशत अधिक है। पिछले साल जुलाई में 1,832 करोड़ रुपये का जीएसटी संग्रहण राज्य में हुआ था। जीएसटी संग्रहण में हुई यह वृद्धि राष्ट्रीय स्तर पर कुल जीएसटी संग्रहण में हुई 32 प्रतिशत वृद्धि से अधिक है। न्याय योजना व वनोपज खरीदी से किसानों के खातों में आई राशि से यह उपलब्धि हासिल हुई है।
केंद्र सरकार की तरफ से जारी ताजा आंकड़ों के मुताबिक राज्य में जीएसटी संग्रहण दूसरे कई राज्यों के मुकाबले अधिक है। बता दें कि कोरोना संकट की चुनौतीपूर्ण परिस्थिति में भी मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के नेतृत्व में राज्य में आर्थिक गतिविधियों की रफ्तार बनी रही। लाकडाउन के बावजूद कृषि और वन क्षेत्रों में निर्बाध रूप से काम चलता रहा। इसी दौरान शुरू हुई राजीव गांधी किसान न्याय योजना से किसानों को आर्थिक संबल मिला
पिछले वर्ष प्रदेश के करीब 19 लाख किसानों को योजना का लाभ मिला था, जबकि इस वर्ष 22 लाख किसानों को लाभांवित किया जा रहा है। इन किसानों ने पिछले सीजन के दौरान धान के उत्पादन का रिकार्ड कायम किया था। इस बार लाभांवित हो रहे किसानों के खातों में आदान सहायता राशि की पहली किस्त के 1,500 करोड़ रुपये भी जारी किए जा चुके हैं। चालू सीजन के लिए योजना का दायरा बढ़ाते हुए अब और अधिक किसानों को इसमें शामिल किया गया है।
वनोपज संग्रहण के मामले में भी छत्तीसगढ़ पूरे देश में अव्वल रहा। वनोपजों के वैल्यू एडीशन और गोठानों में चलने वाली आजीविका गतिविधियों से प्रदेश में बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर निर्मित हुए हैं। महात्मा गांधी रोजगार गारंटी (मनरेगा) योजना के तहत भी ग्रामीण क्षेत्रों में लगातार रोजगार मुहैया कराए गए।