नियमित कर्मियों की तरह श्रमिकों को मिले बोनस

भिलाई। बीएसपी के नियमित कर्मियों के बराबर काम करने वाले ठेका मजदूरों को भी बेहतर बोनस मिलना चाहिए। शनिवार को बैठक कर श्रमिकों ने कहा कि नियमित कर्मियों का बोनस तय हो गया है वहीं उत्पादन व निर्माण में बराबर की भागीदारी करने वाले ठेका श्रमिकों पर अब तक कोई पहल नहीं हुई। जबकि उन्हें भी सम्मानजनक वेतन त्योहार से पहले ही मिलना चाहिए। ठेका श्रमिक यूनियन सीटू ने कहा है कि श्रमिकों का वेतन और बोनस बढ़ाने की मांग को लेकर आंदोलन होगा।
हिंदुस्तान इस्पात ठेका श्रमिक यूनियन सीटू के पदाधिकारी व कार्यकारिणी की बैठक हुई। जिसमें ठेका श्रमिकों के मुद्दों पर आगे की रणनीति तय की गई। हिंदुस्तान इस्पात ठेका श्रमिक यूनियन सीटू के महासचिव योगेश सोनी ने बताया कि कम से कम 30 दिनों की ड्यूटी पर मिलने वाले वेतन पर 8.33 फीसद बोनस भुगतान का प्रवधान है। उन्होंने कहा कि अकुशल कर्मी को 9720 रुपये, अतिकुशल श्रमिक को 11929 रुपये बोनस भुगतान मिलना चाहिए।
बीएसपी प्रबधन ने वर्ष 2020 -2021 का बोनस भुगतान के लिए पत्र जारी किया है। इसमें ठेकेदारों से आग्रह किया गया है कि त्योहार को ध्यान में रखते हुए 30 अक्टूबर तक श्रमिकों को बोनस भुगतान कर देंवें। इसमें यह भी कहा गया है कि प्रावधानों के अनुसार किसी भी हालत में ठेकेदारो को वर्ष 2020-21 का बोनस भुगतान 30 नवंबर तक करना अनिवार्य है। यूनियन ने सवाल उठाते हुए कहा कि जब नियमित कर्मियों को बोनस का भुगतान त्योहार के पूर्व किया जाता रहा है तो ठेका श्रमिकों को क्यों नहीं। बैठक में यूनियन के अध्यक्ष शांतनु मरकाम, महासचिव योगेश सोनी, वेंकट सुबलु, प्रभाकर दाते, पी जोशवा अरुणा देवा, उमराव सिंह पुरामे, लक्ष्मी कौर, के कृष्णवेनि, बबिता, लोकेश, निखिल, एके द्विवेदी, सेवक राम, उमा आदि मौजूद थे।






