टाउनशिप में अवैध कब्जा को पनाह देने वालों की बन रही कुंडली

भिलाई। भिलाई इस्पात संयंत्र के टाउनशिप में अवैध कब्जाधारियों को पनाह देने वालों की भी अब खैर नहीं है। ऐसे लोगों के नाम बीएसपी नगर सेवाएं विभाग द्वारा सार्वजनिक किया जाएगा। इसके अलावा अवैध कब्ज रोकने के लिए मुहिम भी तेज की जाएगी।
बीएसपी टाउनशिप में 30 हजार से भी अधिक आवास हैं। इसमें से करीब चार हजार आवास वर्तमान में अवैध कब्जा में हैं। इनमें से कई आवास ऐसे हैं जिसे बीएसपी प्रबंधन ने कंडम घोषित कर दिया है परन्तु अवैधकब्जाधारी डटे हुए हैं। बीएसपी प्रबंधन चाह कर भी उक्त आवासों की बिजली व पानी की आपूर्ति नहीं काट पा रहा है क्योंकि बिल्डिंग के उक्त ब्लाक में ही बीएसपी के कर्मचारी अथवा सेवानिवृत्त कर्मी ने आवास लीज पर ले रखा है। ऐसे में अवैध कब्जा धारी सिरदर्द बने हुए हैं, इसके अलावा कई आवास ऐसे भी हैं जहां ऐसे लोगों ने अवैध कब्जा कर रखा है जिन्हें राजनीति में दबदबा रखने वाले लोगों, जनप्रतिनिधियों व अन्य रसूखदारों ने पनाह दे रखा है। ऐसे कब्जाधारी को हटाने के जब जब प्रयास नगर सेवाएं विभाग करता है कहीं न कहीं से फोन अफसरों के पास आ जाता है और कार्रवाई ठंडे बस्तें में डाल दी जाती है।
बीएसपी के आवासों में अवैध कब्जा की लगातार शिकायत हो रही है। स्वयं बीएसपी कर्मचारी भी इसकी शिकायत कर रहे हैं। कर्मचारी यूनियनों ने भी इसे मुद्दा बना रखा है। कार्रवाई को लेकर उठते सवाल के बीच हाल ही में बीएसपी प्रबंधन ने नगर सेवा विभाग के तोड़ू दस्ता में फेरबदल कर दिया। नए प्रभारी ने पदभार सम्हालते ही एक नई व्यवस्था निकाली है। बताया जाता है कि कार्यालय में एक पंजी की व्यवस्था की है जिसमें वे अवैध कब्जा करने वाले एवं उन्हें शह देने वाले नेता, अफसरों व अन्य रसूखदारों का नाम लिखा जा रहा है। ऐसे लोगों के नाम समय समय पर सार्वजनिक करेंगे। इसके अलावा कार्रवाई भी की जाएगी। इसके पीछे अफसर की मंशा है कि भिलाई की आम जनता को पता चल सके कि शहर की छबि बिगाड़ कर अवैध कबधरियों को कौन बढ़ावा दे रहा है।






