ब्रेकिंग
BSF Attari Border News: अटारी सीमा पर रिट्रीट सेरेमनी का नया शेड्यूल जारी; शाम 5:30 बजे शुरू होगी पर... Batala Viral Video: गुरु नानक देव जी के विवाह पर्व में ट्रैक्टर स्टंट पड़ा भारी; तेज रफ्तार में पलटा... Dubai Visa Fraud: 90 हजार में दुबई भेजा, छीना पासपोर्ट और मुर्गीखाने में रखा! जालंधर के पीड़ित ने सु... Amritsar Flooding Alert: तरनतारन रोड के पास नहर टूटने से मचा हड़कंप; मिट्टी की बोरियों से दरार भरने ... Punjab Gold Silver Price Today: पंजाब में उछले सोना-चांदी के दाम; जालंधर में 24 कैरेट सोना ₹1.58 लाख... Ferozepur Central Jail: केंद्रीय जेल फिरोजपुर में फिर चला तलाशी अभियान; 10 और मोबाइल फोन बरामद, कैदि... Etah Fake University Scam: एटा में चायवाले के नाम पर चल रही थी फर्जी यूनिवर्सिटी; भेद खुला तो प्रिंस... Bihar Flood Relief: सीएम सम्राट चौधरी ने मुख्यमंत्री राहत कोष में दान दी एक महीने की सैलरी; नितिन नब... Durg News Today: फेसबुक पोस्ट पर बवाल; भिलाई-3 थाने पहुंचे कांग्रेसी, भाजयुमो नेता पर FIR और गिरफ्ता... Agra Mahakumbh Ambikapur: सीएम विष्णु देव साय ने किया 'अग्र महाकुंभ 2026' का शुभारंभ; अग्रवाल समाज क...
देश

मौत आपके बहुत करीब है तैयार रहें; कर्नाटक में सिद्धारमैया सहित 63 लोगों को जान से मारने की मिली धमकी

कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धारमैया, एचडी कुमारस्वामी और लेखक के वीरभद्रप्पा सहित 64 लोगों को जान से मारने की दी गयी धमकी को गंभीरता से लेते हुए पुलिस इन सभी को सुरक्षा देने पर विचार कर रही है।  सोशल मीडिया पर वायरल पोस्ट में कहा गया, ‘‘मौत तुम्हारे आसपास मंडरा रही है, मरने के लिए तैयार हो जाओ। तुम विनाश के रास्ते पर चले हो। तुम मौत के मुहाने पर खड़े हो। तुम्हें तैयार रहना चाहिए। मौत तुम तक अलग-अलग रास्तों से आ सकती है। अपने परिवार वालों को बता दो और अंतिम संस्कार की तैयारी करो।”

यह संदेश कथित रूप से ‘सहिष्णु हिन्दू’ के नाम से इन तक पहुंचा है। कुमारस्वामी ने राज्य सरकार से अनुरोध किया है कि इस धमकी को हल्के में न लिया जाए, और कर्नाटक में ‘‘सांप्रदायिक ध्रुवीकरण” को लेकर सरकार की ‘‘चुप्पी” पर सवाल उठाने वाले वीरभद्रप्पा सहित लेखकों को सुरक्षा प्रदान की जाए।

कुमारस्वामी ने कहा कि कन्नड़ लेखक प्रोफेसर एमएम कलबुर्गी की हत्या जैसी घटना दोहराई नहीं जानी चाहिए।  हिजाब मामले में कर्नाटक उच्च न्यायालय के फैसले के बाद मुस्लिम संगठनों ने विरोध प्रदर्शन किया था जिसके जवाब में हि न्दू संगठनों ने मंदिरों में मुस्लिम विक्रेताओं, हलाल मीट और लाउडस्पीकरों पर प्रतिबंध की मांग की है।कांग्रेस और जनता दल (स) सहित विपक्षी दलों ने भाजपा सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा है कि वह सांप्रदायिक द्वेष बढ़ाने में इन संगठनों का साथ दे रही है।

Related Articles

Back to top button