ब्रेकिंग
West Bengal Politics: टीएमसी छोड़ने के बाद कोयल मल्लिक को मिला बड़ा राजनीतिक तोहफा, बीजेपी ने दिया राज... दिल्ली में वायु प्रदूषण के खिलाफ सख्ती: ‘ऑपरेशन क्लीन एयर’ के तहत CAQM ने रिंग रोड पर चलाया विशेष नि... मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग पर दिल्ली में घमासान: इंडिया गेट पर AAP का विरोध मार्च, सौरभ भ... Amritsar Border Security: अमृतसर में पाकिस्तान के आतंकी मॉड्यूल का भंडाफोड़, एके-47 और हैंड ग्रेनेड ... Delhi VIP Theft News: राज्यसभा सांसद डॉ. राधा मोहन दास अग्रवाल के सरकारी आवास में चोरी, गटर का ढक्कन... मुजफ्फरपुर में पुलिस की शर्मनाक करतूत: अंतरजातीय विवाह से जुड़ी समस्या को लेकर पहुंची महिला को बाल प... Delhi High Court Notice: करोल बाग में मेट्रो निर्माण के लिए पेड़ काटने पर दिल्ली हाईकोर्ट सख्त, DDA ... पश्चिम बंगाल में समान नागरिक संहिता (UCC) का ऐलान: सीएम शुभेंदु अधिकारी ने मांगे 6 महीने, 'लव जिहाद'... Seoni Murder Case: मध्य प्रदेश के सिवनी में सनसनीखेज हत्याकांड, मां और मामा ने मिलकर की 22 वर्षीय यु... विपक्ष की रैली पर आशीष शेलार का तीखा हमला: मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ प्रदर्शन को बताया ‘लोमड़ियों ...
मध्यप्रदेश

अपने ही प्रस्ताव पर अमल नहीं कर रहा नगर निगम बैरागढ़ में नाली बनाए बिना कर दिया डामरीकरण

भोपाल। नगर निगम अपने ही प्रस्ताव पर अमल नहीं कर पा रहा है। निगम की जोन समिति ने हाल ही में प्रस्ताव पारित किया था कि संत हिरदाराम नगर (बैरागढ़) में अब कोई भी सड़क नाली का निर्माण किए बगैर नहीं बनेगी। पानी निकासी का प्रबंध नहीं होने पर डामरीकरण नहीं होगा, लेकिन इस पर अमल नहीं हो पा रहा है।

हाल ही में बैरागढ़ में एक दर्जन से अधिक सड़कों का निर्माण किया गया है। इनमें से बलिदानी प्रेम रामचंदानी मार्ग ही एक मात्र ऐसा मार्ग है, जहां सड़क के दोनों छोर पर नाली का निर्माण किया गया है। यहां निकासी प्रबंध करने के बाद ही सड़क बनाई गई है। मानसून में सड़क पर पानी जमा रहने की संभावना नहीं है। ऐसे में यह सड़क लंबे समय तक खराब नहीं होगी लेकिन बाकी सड़कों के मामले में नगर निगम ने अपने ही प्रस्ताव पर अमल नहीं किया है। आदर्श मार्ग के आसपास, आरा मशीन रोड के बड़े हिस्से में तथा चंचल रोड से सटे कुछ मार्गो पर डामरीकरण किया गया है, पर निकासी प्रबंध नहीं किए गए हैं।

दो साल में उखड़ रही हैं सड़कें

जिन सड़कों के किनारे पानी निकासी का प्रबंध नहीं है, वहां पर हर दो साल में सड़क पूरी तरह उखड़ जाती है। राजावीर मंदिर रोड, झूलेलाल मंदिर रोड एवं भंभानी अस्पताल रोड पर वर्षा का पानी जमा हो जाता है। मानसून समाप्त होते ही सड़क उखड़ने लगती है। मानसून के बाद लोग फिर से इसके निर्माण की मांग करने लगते हैं। यदि पानी निकासी का प्रबंध किया जाए तो कम से पांच साल तक सड़क नहीं उखड़ेगी। पार्षद अशोक मारण का कहना है कि हाल ही में हुई जोन समिति की बैठक में दूसरी बार सड़क के साथ नाली निर्माण करने का प्रस्ताव पास किया गया था, लेकिन अब निगम अधिकारी ही इस पर अमल नहीं करवा रहे हैं

Related Articles

Back to top button