ब्रेकिंग
MP Dairy Shifting Project: रतौना-हफसिली डेयरी प्रोजेक्ट में निगम का कड़ा एक्शन, जमा राशि भी की गई रा... Dr. Harisingh Gour University: स्टैनफोर्ड और एल्सेवियर की सूची में सागर यूनिवर्सिटी के 12 प्रोफेसर श... Ramanujganj Van Vatika: तीन महीने में पूरी होगी रामानुजगंज वन वाटिका की तस्वीर, ओपेन जिम और चिल्ड्रे... Raipur Health News: नवरात्रि उपवास में गरबा के साथ कैसे रखें सेहत का ख्याल? जानिए एनर्जी बढ़ाने के आ... Bhilai News: सीएम के कार्यक्रम में बच्चों को घंटों बैठाए रखने पर विवाद, कांग्रेस ने की कार्रवाई की म... Raipur Crime News: आमानाका थाना क्षेत्र में 3 साल की बच्ची के साथ दुष्कर्म, AIIMS का सिक्योरिटी गार्... Bastar Local Products: दंतेवाड़ा के जैविक चावल और वनोपज को मिली नई पहचान, महिला FPO ने शुरू किया ब्र... Kavirdha News: कवर्धा में किसानों का बड़ा आंदोलन खत्म, गन्ने का भाव बढ़कर हुआ 425 रुपये, सरकार ने मा... Kanker News: कांकेर के सीएएफ कैंप में अनोखी पहल, जवान रूपधर चौहान अपने हाथों से बना रहे हैं मां दुर्... Jagdalpur News: बस्तर बाढ़ पीड़ितों के लिए प्रशासन का बड़ा कदम, 25 करोड़ से अधिक की राहत राशि सीधे ख...
देश

अवैध खनन पर प्रशासन सख्त 28 करोड़ रुपये लगाया जुर्माना

रायसेन। रायसेन तहसील के कानपोहरा गांव में अवैध खनन पर हुई कार्रवाई के बाद कलेक्टर ने दो लोगों पर 28 करोड़ रुपये से ज्यादा का जुर्माना वसूली का नोटिस दिया है। यहां 6 साल से बंद पड़ी पत्थर खदान पर पिछले बुधवार को कलेक्टर अरविंद दुबे के निर्देश पर खनिज, राजस्व और पुलिस ने कार्रवाई करते हुए एक पोकलेन और तीन ट्रक जब्त किए थे। खनन माफिया ने यहां 31 हजार घनमीटर क्षेत्र में पत्थर फर्शी निकालने पहाड़ खोद दिया।

सात दिन में देना होगा जवाब

कलेक्टर न्यायालय ने कानपोहरा में अवैध खनन के मामले में भोपाल निवासी आफताब हुसैन और रायसेन के श्यामलाल समरवाल के खिलाफ अवैध खनन परिवहन और भण्डारण नियम के अंतर्गत 28 करोड़ 30 लाख 14 हजार 600 रुपये जुर्माने का नोटिस जारी किया है। नोटिस में सात दिन के अंदर जवाब देने को कहा गया है। यदि जवाब समय पर नहीं आता तो आगे की कार्रवाई की जाएगी।

2016 में बंद की थी खदान

खनिज विभाग ने कानपोहरा गांव की इस खदान को 2016 से ही बंद कर दिया था। नियमों मेें हुए बदलाव के बाद इस खदान को लीज पर नहीं दिया गया। लेकिन ये प्रतिबंध केवल कागजों में ही रहा। इसके बाद भी धड़ल्ले से यहां खनन जारी रहा। हैरानी की बात तो ये है कि 2016 के पहले जिसे खदान की लीज दी गई थी उसी पर अवैध खनन का प्रकरण दर्ज किया गया है। यानि 6 सालों में आरोपित ने लीज न होने के बाद भी करोड़ों रुपये के पत्थर फर्सी निकाल लिए और अधिकारियों को भनक तक नहीं लगी।

खदान किसी को लीज पर नहीं दी

जिला खनिज अधिकारी आरके कैथल का कहना है कि आरोपित आफताब के नाम ही पहले लीज दी गई थी, लेकिन 2016 में कुछ नियम बदल गए और शासन ने इस खदान को बंद कर दिया था। तब से ये खदान किसी को लीज पर नहीं दी गई। अब खनिज अधिकारी कह रहे हैं कि यहां इतने बड़े पैमाने पर अवैध खनन चल रहा था, इसकी जानकारी उन्हें नहीं लग पाई थी।

31 हजार घनमीटर क्षेत्र में निकाले पत्थर

2016 से बंद पड़ी इस खदान पर माफिया ने 31 हजार घन मीटर अवैध उत्खनन कर फर्शी, पत्थर को निकाल लिया। 2 अगस्त को हुई कार्रवाई के बाद खनन का अांकलन किया जिसमें 31 हजार घनमीटर क्षेत्र में गड्ढा पाया गया उसी हिसाब से ये जुर्माना राशि लगाई गई। इस मामले में भोपाल निवासी आफताब और मुरैलखुर्द निवासी श्यामलाल को जुर्माने का नोटिस जारी किया गया है। इस राशि को जमा करने के लिए प्रशासन ने 7 दिनों में जवाब पेश करने को कहा है।

खनिज अधिकारी कैथल के अनुसार आरोपितों को जवाब देने का समय दिया गया है, उनका पक्ष लिया जाएगा। यदि समय पर जवाब नहीं दिया गया तो आगे संपत्ति कुर्की की कार्रवाई की जा सकती है।

एक पोकलेन और तीन ट्रक जब्त

दो अगस्त को हुई कार्रवाई में एसडीएम मुकेश सिंह, तहसीलदार सरोज अग्निवंशी सहित खनिज विभाग के अधिकारियों ने खदान पर पहुंचकर कार्रवाई की थी जिसमें एक पोकलेन मशीन और तीन ट्रक मौके से जब्त किए गए थे जो थाने परिसर में रखे हुए हैं। मौके पर बड़ी मात्रा में पत्थर फर्शी भी मिले हालाकि उन्हें खदान पर ही छोड़ दिया गया था।

जिले में 100 से ज्यादा खदानें

जिले में अवैध खदानें भी बड़ी मात्रा में चल रही हैं। वहीं जिन खदानों को लीज पर दिया गया है वहीं भी नियमों की अनदेखी की जा रही है। जिले में 100 से ज्यादा सभी प्रकार की खदानें वैध हैं। रायसेन सांची रोड पर स्थित एक खदान पर नियमों की अनदेखी हो रही है। यहां बड़ी मात्रा में पहाड़ को खोदकर पत्थर निकाला जा रहा है।

Related Articles

Back to top button