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झारखण्ड

Bokaro Sadar Hospital Strike: बोकारो सदर अस्पताल में सफाई कर्मियों की हड़ताल; गंदगी के अंबार से मरीजों में बढ़ा संक्रमण का खतरा

बोकारो: बोकारो सदर अस्पताल इन दिनों भारी अव्यवस्था की चपेट में है। पिछले कई दिनों से सफाई कर्मियों की हड़ताल के कारण अस्पताल परिसर में गंदगी का ढेर लग गया है। आलम यह है कि अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती मरीज और उनके परिजन अब संक्रमण के डर के साये में जीने को मजबूर हैं।

💰 वेतन विवाद और हड़ताल

सफाई कर्मियों का आरोप है कि उन्हें पिछले तीन महीनों से वेतन का भुगतान नहीं किया गया है, जिसके चलते उन्होंने हड़ताल का रास्ता अपनाया है। हालांकि, अस्पताल प्रशासन का दावा है कि 24 जून को एक महीने का वेतन जारी कर दिया गया था, इसके बावजूद हड़ताल जारी है। इस हड़ताल का सीधा असर मरीजों और नर्सिंग स्टाफ पर पड़ रहा है। गंदगी इतनी बढ़ गई है कि अस्पताल के कर्मचारी भी मास्क लगाकर ड्यूटी करने को मजबूर हैं।

🩺 मरीजों की पीड़ा और सफाई का संकट

अस्पताल में मरीजों के परिजनों का कहना है कि वे इलाज के लिए आए हैं, लेकिन गंदगी के कारण बीमार होने का खतरा बढ़ गया है। परिजनों का आरोप है कि सरकार और जिम्मेदार अधिकारियों को इस संवेदनशील विषय पर तुरंत ध्यान देना चाहिए। अस्पताल जैसे महत्वपूर्ण स्थान पर सफाई से समझौता करना सीधे तौर पर मरीजों की जान से खिलवाड़ है।

🏛️ प्रशासन का सख्त रुख

मामले पर संज्ञान लेते हुए सिविल सर्जन डॉ. अभय भूषण प्रसाद ने कहा कि पूरे जिले की सफाई व्यवस्था सामान्य है, लेकिन कुछ कर्मी अक्सर हड़ताल का बहाना बनाकर काम ठप कर देते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ स्थानीय नेताओं के उकसावे पर यह हड़ताल की जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रशासन अब उपायुक्त के माध्यम से सरकार को सूचित करेगा और संबंधित एजेंसी के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग करेगा।

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