ब्रेकिंग
Police Action Chhindwara: सीसीटीवी फुटेज की मदद से तीन शातिर लुटेरे गिरफ्तार, 43 हजार रुपये बरामद Malva Nritya Mahotsav 2026: सेमी-क्लासिकल डांस में चमकी सौम्या, मिला प्रतिष्ठित 'मालवा नृत्य महोत्सव... STF Action in Bhopal: बौद्ध धर्म प्रचार के नाम पर फर्जी पासपोर्ट बनवाने का मामला, 70 संदिग्ध चिन्हित Municipal Corporation Sagar: एमआईसी के प्रस्तावों को लंबित रखने का आरोप, आयुक्त के कार्यप्रणाली के ख... Ramleela Chhindwara 2026: छोटी बाजार में सजी भगवान राम की लीला, कोरोना काल में भी नहीं रुका था मंचन ... Congress Protest Bhopal: चुनाव आयोग के बाहर कांग्रेस नेताओं का हंगामा, पूरे प्रदेश में आंदोलन का ऐला... Madhya Pradesh Politics: पटवारी बोले- 'जब प्रदेश के पटवारी ही सरकार की नहीं सुनते, तो सरकार खटारा है... Delhi Building Accident: नई बनी इमारत ढहने से हड़कंप, राहत और बचाव कार्य जारी, घायलों को अस्पताल में... Coal India PME Update: कोलकर्मियों की हर साल होगी स्वास्थ्य जांच? प्रस्तावित नई व्यवस्था के खिलाफ मु... Muslim Personal Law: नाबालिग बेटी की कस्टडी मामले में हाईकोर्ट का निर्देश, बच्चे का कल्याण सबसे सर्व...
देश

बढ़ सकती हैं मेहुल चोकसी की मुसीबतें, पंजाब एंड सिंध बैंक ने खोले राज

मुंबईः पंजाब नैशनल बैंक (PNB) के साथ 13,000 करोड़ रुपए का फर्जीवाड़ा करने वाले भगोड़े हीरा कारोबारी मेहुल चोकसी ने पंजाब ऐंड सिंध बैंक (PSB) को लगभग 44.1 करोड़ रुपए का चूना लगाया है। बैंक ने शनिवार को यह खुलासा किया। यह पहली बार है, जब बैंक ने चोकसी द्वारा डिफॉल्ट के बारे में खुलकर जानकारी दी है।

बैंक ने कहा है कि चोकसी की कंपनी गीतांजलि जेम्स लिमिटेड ने उससे लोन लिया था। चोकसी कंपनी में निदेशक के साथ-साथ गारंटर है। जब चोकसी ने लोन अमाउंट नहीं चुकाया तो 31 मार्च, 2018 को पीएसबी ने उसे एनपीए में डाल दिया।

बैंक ने चोकसी को लोन अमाउंट तथा इंट्रेस्ट और अन्य शुल्कों का 23 अक्टूबर, 2018 को भुगतान करने के लिए कहा था, लेकिन जब लोन का भुगतान नहीं किया गया तो 17 सितंबर, 2019 को पीएसबी ने चोकसी को विलफुल डिफॉल्टर घोषित कर दिया। सीबीआई ने गुरुवार को मुंबई की एक अदालत से आग्रह किया कि पंजाब नेशनल बैंक घोटाले के मुख्य आरोपी मेहुल चोकसी को भगोड़ा घोषित किया जाए। एजेंसी ने कहा कि वह गैर जमानती वारंट का जवाब देने में विफल रहा है।

सीबीआई मामलों के विशेष न्यायाधीश वी. सी. बारदे के समक्ष आवेदन देकर एजेंसी ने कहा कि मामले में पहली प्राथमिकी दर्ज होने से पहले ही ‘खुद को छिपाने के लिए’ वह देश छोड़कर भाग गया। इसने कहा, ‘चोकसी ने एंटीगुआ की नागरिकता ले रखी है, ताकि अदालत की तरफ से जारी वारंट से बच सके।’

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button