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गणेश चतुर्थी के दिन करें इस विधि से पूजन, दूर होंगी जीवन की सभी बाधाएं

हिन्दू पंचांग के अनुसार हर साल भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि को गणेश चतुर्थी का पावन पर्व मनाया जाता है। इस साल 19 सितंबर को गणेश चतुर्थी का पर्व मनाया जाएगा। इस दिन भक्त गणपति की प्रतिमा को घर में लाकर स्थापित करेंगे और 10 दिनों पर पूजा-अर्चना करेंगे। हिन्दू धर्म ग्रंथों में भगवान गणेश को प्रथम देव माना जाता है। किसी भी शुभ काम को शुरू करने से पहले गणपति की पूजा जरूर की जाती है। गणेश जी अपने भक्तों के सारे विघ्न हर लेते हैं, इसलिए उन्हें विघ्नहर्ता कहा जाता है। इस साल गणेश चतुर्थी पर लगभग 300 साल बाद ब्रह्म योग और शुक्ल योग जैसे शुभ योग बन रहे हैं। ऐसे में गणपति के पूजन से जुड़े कुछ खास उपाय करने से जीवन की तमाम बाधाएं दूर होंगी और सभी मनोकामनाएं पूरी होंगी।

आर्थिक उन्नति

अगर आपके जीवन में आर्थिक परेशानियां कम नहीं हो रही हैं, तो गणेश चतुर्थी के दिन गणपति को गुड़ और गाय के घी से बना भोग लगाएं। गणेश चतुर्थी या विसर्जन से पहले किसी बुधवार के दिन यह उपाय करना बहुत फलदायी होगा। माना जाता है कि इससे दरिद्रता दूर होती है।

अच्छी सेहत

अगर तबीयत ठीक नहीं रहती हो, या कोई बीमारी लंबे समय से चल रही हो तो राहत के लिए गणपति को केले, शहद और बादाम का भोग लगायें। इससे गणपति का आशीर्वाद मिलता है और रोगों में राहत मिलती है। इसके अलावा पीले फलों से सूर्य भी प्रसन्न होते हैं और आरोग्यता प्रदान करते हैं।

वैवाहिक जीवन

अगर वैवाहिक जीवन में परेशानियां आ रही हैं, जीवनसाथी से तनाव रहता है, तो गणेश चतुर्थी के दिन गणपति को 21 दूर्वा चढाएं। ऐसे विसर्जन के पहले तक रोजाना करें। इससे घर में सुख-शांति आती है और मानसिक व्याधियों से मुक्ति मिलती है।

परिवार में सुख-शांति

अगर आप परिवार की सुख-शांति की कामना कर रहे हैं और चाहते हैं सभी के लिए अच्छा समय आये, सभी की तरक्की हो, तो गणेश चतुर्थी के दिन व्रत के साथ इस मंत्र का कम से कम 11 माला जाप करें।

मंत्र – ‘ओम एकदंताय विद्महे वक्रतुण्डाय धीमहि। तन्नो दंती प्रचोदयात्।’

विद्या-बुद्धि

अगर पढ़ाई में बाधा आ रही हो या मन नहीं लगता हो, याद करने में परेशानी हो, तो गणपति की पूजा से अवश्य लाभ मिलेगा। ऐसे विद्यार्थियों को गणेश चतुर्थी के दिन संकल्प लेकर ‘ओम विघ्नेश्वराय नमः।’ मंत्र का जाप करना चाहिए। इस मंत्र का कम से कम 108 बार जाप अवश्य करें। साथ ही इसे 11 दिन या 21 दिनों तक जारी रख सकते हैं। इससे बुध भी मजबूत होता है और पढ़ाई में अच्छे नतीजे मिल सकते हैं।

विघ्न-बाधाओं का नाश

गणेश चतुर्थी के दिन श्री गणेश का अभिषेक करना बहुत शुभ होता है। इससे गणपति प्रसन्न होते हैं और जीवन की बाधाएं दूर करते हैं। श्री गणेश का अभिषेक करने के बाद गणपति अथर्वशीर्ष का भी पाठ करें।

नौकरी-रोजगार में तरक्की

कारोबार या नौकरी में आ रही बाधाओं को दूर करने के लिए गणेश चतुर्थी के दिन पीले रंग की गणेश प्रतिमा को घर में स्थापित करें और उनकी विधिवत पूजन करें। इसके बाद 108 दूर्वा गीली हल्दी लगाकर भगवान गणेश को अर्पित करें। इससे सफलता के द्वार खुल जाते हैं और कारोबार-नौकरी में तरक्की की संभावना बढ़ जाती है।

डिसक्लेमर

‘इस लेख में दी गई जानकारी/सामग्री/गणना की प्रामाणिकता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं है। सूचना के विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/धार्मिक मान्यताओं/धर्मग्रंथों से संकलित करके यह सूचना आप तक प्रेषित की गई हैं। हमारा उद्देश्य सिर्फ सूचना पहुंचाना है, पाठक या उपयोगकर्ता इसे सिर्फ सूचना समझकर ही लें। इसके अतिरिक्त इसके किसी भी तरह से उपयोग की जिम्मेदारी स्वयं उपयोगकर्ता या पाठक की ही होगी।’

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