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मध्यप्रदेश

दिव्यांग बेटों में एक की मौत, दूसरा दिव्यांग योजना के लाभ को लगा रहा चक्कर

बालाघाट। दिव्यांगों के अच्छे जीवन स्तर और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के मकसद से सरकार वैसे तो कई याेजनाएं चला रही हैं। इसका लाभ कई दिव्यांगों को नहीं मिल पा रहा है। बालाघाट जनपद पंचायत के अंतर्गत ग्राम पंचायत अरनामेटा के ग्राम तिखाखरी में रहने वाले प्रवीण नेवारे फिलहाल इसी परेशानी का सामना कर रहे हैं।

दो बेटे दिव्यांग थे, एक की कुछ वर्ष पहले ही मौत हो गई।

पिता टेकचंद नेवारे ने बताया कि उनके दो बेटे दिव्यांग थे, जिसमें एक बेटे की अभी कुछ वर्ष पहले ही मौत हो गई एवं दूसरे बेटे प्रवीण नेवारे को शासन की किसी भी योजना का लाभ नहीं मिल सका है। जबकि उनके द्वारा कई बार ग्राम सरपंच, सचिव एवं संबंधित विभाग के चक्कर लगाए जा चुके हैं। उन्होंने मांग की कि बेटे को शासन द्वारा दिव्यांगों के लिए चलाई जा रही योजनाओं का लाभ दिलाया जाए। वह बरसों से शासन-प्रशासन के चक्कर काट रहे हैं।

शासकीय योजना का लाभ दिलाने के लिए प्रयास

ग्राम के जनप्रतिनिधि दीपचंद ठाकरे ने बताया कि टेकचंद नेवारे के पुत्र को योजनाओं का लाभ नहीं मिलने के कारण वह आज भी सरपंच, सचिव के चक्कर लगा रहा है। जिला पंचायत के अधिकारी, कर्मचारियों से चर्चा कर उन्हें शासकीय योजना का लाभ दिलाने के लिए प्रयास किया जा रहा है।

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