ब्रेकिंग
Dewas Firecracker Factory Blast: देवास पटाखा फैक्ट्री ब्लास्ट में मौतों का आंकड़ा हुआ 6, आरोपियों पर... Delhi Infrastructure: पीएम गतिशक्ति से मजबूत हुई दिल्ली की कनेक्टिविटी, 'इग्जेम्प्लर' श्रेणी में राज... LU Paper Leak Scandal: 'तुम्हारे लिए पेपर आउट करा दिया है', ऑडियो वायरल होने के बाद असिस्टेंट प्रोफे... Jaunpur News: सपा सांसद प्रिया सरोज की AI जेनरेटेड आपत्तिजनक फोटो वायरल, बीजेपी नेता समेत 2 पर FIR द... Kashmir Terror Hideout: बांदीपोरा में सुरक्षाबलों का बड़ा एक्शन, 'सर्च एंड डिस्ट्रॉय' ऑपरेशन में आतं... Delhi News: दिल्ली में सरकारी दफ्तरों का समय बदला, सीएम रेखा गुप्ता ने ईंधन बचाने के लिए लागू किए कड... Maharashtra IPS Transfer: महाराष्ट्र में 96 IPS अफसरों के तबादले, '12th Fail' वाले मनोज शर्मा बने मु... Aurangabad News: औरंगाबाद के सरकारी स्कूल में छात्रा से छेड़छाड़, टीसी देने के बहाने घर बुलाने का आर... Asansol Violence: आसनसोल में लाउडस्पीकर चेकिंग के दौरान बवाल, पुलिस चौकी पर पथराव और तोड़फोड़ Sabarimala Temple: सबरीमाला मंदिर के कपाट मासिक पूजा के लिए खुले, दर्शन के लिए वर्चुअल बुकिंग अनिवार...
मध्यप्रदेश

डिप्टी कलेक्टर निशा बांगरे ने समर्थकों के साथ रैली निकाली, यह थी वजह

बैतूल। छतरपुर जिले में पदस्थ डिप्टी कलेक्टर निशा बांगरे ने सोमवार को अपने समर्थकों के साथ बैतूल नगर के प्रमुख मार्ग से रैली निकाली और इस्तीफा स्वीकार करने के लिए राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, राज्यपाल और मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन प्रशासन को सौंपा।

प्रमुख सचिव को पत्र लिखकर आग्रह किया

डिप्टी कलेक्टर बांगरे ने कुछ दिन पूर्व ही प्रमुख सचिव को पत्र लिखकर आग्रह किया था कि अगर इस्तीफा मंजूर नहीं हुआ तो आमरण अनशन करेंगी।

पति और बच्चे के साथ बैठकर धरना

कलेक्ट्रेट में अपने पति और बच्चे के साथ बैठकर धरना प्रदर्शन किया। उनके समर्थकों ने जमकर नारेबाजी की। इस दौरान उन्होंने कहा कि इसी कलेक्ट्रेट में नौकरी के दौरान महिलाओं, गरीबों और आदिवासियों को न्याय दिलाया। कई बार ऐसा मौका आया कि गरीब महिलाओं को उनकी मजदूरी नहीं मिलती थी तो उनके साथ जमीन पर बैठकर उन्हें न्याय दिलाया। आज खुद न्याय पाने के लिए विरोध प्रदर्शन करने की स्थिति पैदा हो रही है।

लोगों को न्याय दिलाने के लिए चुनाव लडूंगी

उन्‍होंने कहा कि जब नौकरी में रहकर हम किसी को न्याय नहीं दिला पाते हैं तो मैंने तय किया कि लोगों को न्याय दिलाने के लिए चुनाव लडूंगी, लेकिन सरकार मुझे चुनाव लड़ने से रोक रही है। सरकार मेरे संवैधानिक अधिकारों से रोक रही है। एक तरफ महिलाओं को आरक्षण दिया जा रहा है, दूसरी तरफ एससी वर्ग की पढ़ी लिखी महिला को न्याय नहीं मिल रहा है।

सरकार को पत्र भी लिखा

उन्‍होंने कहा कि मैंने चुनाव लड़ने का मन बना लिया है और इसको लेकर सरकार को पत्र भी लिखा है कि मैं चुनाव लड़ना चाहती हूं और मेरा इस्तीफा मंजूर किया जाए। इसके बावजूद मेरा इस्तीफा मंजूर नहीं हो रहा है। इसके लिए मैंने हाईकोर्ट की शरण भी ली, लेकिन सरकार ने कोर्ट को भी गुमराह करने की कोशिश की।

निशा ने कहा कि मुझे चुनाव लड़ने से कोई नहीं रोक सकता। डिप्टी कलेक्टर बांगरे ने चेतावनी दी है कि इस्तीफा स्वीकार नहीं होता है तो वे 28 सितंबर से आंदोलन प्रारंभ करेंगी।

बांगरे के समर्थन में पारंपरिक सामाजिक जनजाग्रति सेवा समिति, सूर्यवंशी क्षत्रिय भोयर कुंबी समाज आमला, महार समाज विकास परिषद जिला बैतूल, अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा सहित अन्य कई संगठनों ने भी ज्ञापन सौंपकर सरकार से आग्रह किया है कि बांगरे का इस्तीफा मंजूर किया जाए।

Related Articles

Back to top button