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आगरा: जन्मदिन से एक दिन पहले नक्सली हमले में शहीद हुआ यूपी का लाल, मचा कोहराम

आगरा: देश से आतंकवाद और उग्रवाद को खत्म करने के मुद्दे पर भले ही बीजेपी फिर से केंद्र की सत्ता पर काबिज हो गई हो लेकिन उसके वादे खोखले ही साबित हो रहे हैं। हमारे जवान सीमा पर हों या फिर नक्सली इलाकों में दोनों जगहों पर उन्हें निशाना बनाया जा रहा है। ताजा मामला आगरा के थाना कागारौल के बीसलपुर गांव का है। यहां के निवासी अमित चतुर्वेदी अरुणाचल प्रदेश में उग्रवादियों से लोहा लेते समय शहीद हो गए। अमित की एक दिन पहले ही माता-पिता से फोन पर घर आने की बात हुई थी।

खास बात ये कि जिस 3 जून को शहीद अमित घर आ रहे थे उसी दिन उसका जन्मदिन था। माता-पिता के साथ जन्मदिन मनाने की खुशी से पहले वह नक्सलियों की गोली का शिकार हो गए और उसकी हसरत अधूरी रह गई। बेटे की मौत की खबर जैसे ही परिजनों को हुई घर में कोहराम मच गया। अमित की शहादत की खबर सुनकर गांव में शोक का माहौल है। अब पूरा गांव पार्थिव शरीर आने का इंतजार कर रहा है। थाना कागारौल के बीसलपुर गांव निवासी रामवीर चतुर्वेदी सेवानिवृत्त सूबेदार हैं। उनके तीन बेटे सेना में हैं। अमित चतुर्वेदी अप्रैल 2014 में सेना की 17 पैराफील्ड रेजीमेंट में भर्ती हुए थे। बीते दिन अरुणाचल प्रदेश में उग्रवादियों के हमले में शहीद हो गए।

पिता को बेटे की शहादत का गम के साथ वीरता पर गर्व
शहीद अमित चतुर्वेदी के पिता को जहां अपने बेटे की शहादत का गम है, वहीं शहीद की वीरता और पराक्रम पर गर्व भी हो रहा है। वे अपने बेटे शहीद अमित चतुर्वेदी की वीरता के किस्से भी याद कर उसे सलामी दे रहे हैं।

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