ब्रेकिंग
Dehradun News: बैरागीवाला गांव में युवक की हत्या के बाद भारी तनाव; गुस्साए लोगों का हंगामा, पुलिस बल... Drone Post Delivery in Himachal: हिमाचल में ड्रोन से पहुंचेगी डाक; मंडी-रेहरधार मार्ग पर सफल ट्रायल,... Greater Noida News: जिम में वर्कआउट के बाद 20 वर्षीय युवक की मौत; हार्ट अटैक की आशंका से मचा हड़कंप Maharashtra Politics: शरद पवार को रामदास आठवले का बड़ा ऑफर; कांग्रेस के बजाय NDA में आने की दी सलाह Govindpuri Fire Case: दिल्ली अग्निकांड कोई हादसा नहीं, बल्कि खौफनाक साजिश; 3 की मौत के मामले में 4 ग... TMC Internal Conflict: सांसद काकोली घोष दस्तीदार के बेटे ने ममता बनर्जी और महुआ मोइत्रा को भेजा कानू... Noida Road Accident: नोएडा महामाया फ्लाईओवर के पास तेज रफ्तार स्लीपर बस पलटी; 14 यात्री घायल Weather Update: दिल्ली-एनसीआर में फिर सताएगी भीषण गर्मी; 6 दिनों तक बारिश के कोई आसार नहीं Ayatollah Ali Khamenei Funeral: ईरान के दिवंगत नेता अली खामेनेई का अंतिम संस्कार 4 जुलाई से; मशहद मे... Delhi Crime News: त्रिलोकपुरी में 70 वर्षीय बुजुर्ग महिला से दरिंदगी; ईंट से हमला कर दिया दुष्कर्म, ...
छत्तीसगढ़

छत्तीसगढ़ कांग्रेस को बड़ा झटका! राधिका खेड़ा ने दिया इस्तीफा, लगाया था अपमान का आरोप

कांग्रेस प्रवक्ता राधिका खेड़ा ने छत्तीसगढ़ पार्टी इकाई पर अपमान का आरोप लगाने के बाद रविवार को पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा देने का ऐलान कर दिया. उन्होंने ट्वीट किया कि आज अत्यंत पीड़ा के साथ पार्टी की प्राथमिक सदस्यता त्याग रही हूं व अपने पद से इस्तीफा दे रही हूं. उन्होंने लिखा, हां मैं लड़की हूं और लड़ सकती हूं, और वही अब मैं कर रहीं हूं. अपने व देशवासियों के न्याय के लिए मैं निरंतर लड़ती रहूंगी.

राधिका खेड़ा ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे को पत्र लिखा है. उन्होंने अपने पत्र में लिखा कि आदिकाल से ये स्थापित सत्य है कि धर्म का साथ देने वालों का विरोध होता रहा है. हिरण्यकशिपु से लेकर रावण और कंस इसका उदाहरण है. वर्तमान में प्रभु श्री राम का नाम लेने वालों का कुछ लोग इसी तरह से विरोध कर रहे हैं.

राधिका खेड़ा ने खरगे को लिखा पत्र

उन्होंने लिखा, मैंने जिस पार्टी को अपने 22 साल से ज्यादा दिए, जहां एनएसयूआई से लेकर एआईसीसी के मीडिया विभाग में पूरी ईमानदारी से काम किया. आज वहां ऐसे तीव्र विरोध का सामना मुझे करना पड़ा है, क्योंकि मैं अयोध्या में रामलला के दर्शन करने से खुद को रोक नहीं पाई.

उन्होंने कहा कि मेरे इस पुनीत कार्य का विरोध इस स्तर तक पहुंच गया कि मेरे साथ छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में हुए घटनाक्रम में मुझे न्याय देने से इनकार कर दिया गया.

कांग्रेस की प्राथमिक सदस्यता से दिया इस्तीफा

उन्होंने लिखा कि मैंने हमेशा ही दूसरों के न्याय के लिए हर मंच से लड़ाई लड़ी है, किंतु जब स्वयं न्याय की बात आई तो पार्टी में मैंने स्वयं को हारा हुआ पाया.

उन्होंने लिखा कि प्रभु श्री राम की भक्त और एक महिला होने के नाते मैं बहुत ही आहत हूं. बार-बार पार्टी के समस्त शीर्ष नेताओं को अवगत कराने के बाद भी जब मुझे न्याय नहीं मिला, इससे आहत होकर मैंने यह कदम उठाया है और पार्टी की प्राथमिकता सदस्यता से इस्तीफा दे रही हूं.

Related Articles

Back to top button