ब्रेकिंग
Singrauli: प्रेमिका की शादी कहीं और तय हुई तो 100 फीट ऊंचे टावर पर चढ़ा प्रेमी, 4 घंटे तक चला 'शोले'... Chhindwara Fire: छिंदवाड़ा की पाइप फैक्ट्री में भीषण आग, 1 किमी दूर से दिखे धुएं के गुबार; 11 दमकलें... Satna News: हाईकोर्ट से जमानत मिली पर घरवाले नहीं ले जाना चाहते साथ; सतना जेल में अपनों की राह देख र... जबलपुर पहुंचे CM मोहन यादव का बड़ा दावा: 'अगर सुभाष चंद्र बोस के हाथ में होती कांग्रेस की कमान, तो क... Gwalior News: ग्वालियर में 'लुटेरी दुल्हन' गैंग का पर्दाफाश; मानसिक रूप से कमजोर युवक से शादी कर 2 ल... Mandala Crime: शादीशुदा प्रेमिका के घर पिस्टल लेकर घुसा सनकी आशिक, दुष्कर्म के बाद पुलिस की गाड़ी को... टी20 वर्ल्ड कप से पहले खतरे की घंटी! नागपुर में जीत के बाद भी क्यों डरे हुए हैं भारतीय फैंस? फील्डिं... Gaza Peace Deal: हमास छोड़ेगा हथियार और लड़ेगा चुनाव! अमेरिका के साथ हुई ऐतिहासिक डील, फिलिस्तीन की ...
देश

निर्भया के गुनहगारों को अब 20 मार्च सुबह 5:30 पर होगी फांसी, नया डेथ वारंट जारी

नई दिल्लीः साल 2012 के निर्भया गैंगेरेप और मर्डर मामले के दोषियों के बचने के सारे विकल्प खत्म होने के बाद गुरुवार को एक बार फिर से नया डेथ वारंट जारी किया गया। निर्भया के गुनहगारों को सुबह 5:30 बजे फांसी पर लटकाया जाएगा। बता दें कि इससे पहले बुधवार को दोषी की आखिरी बची दया याचिका भी राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद द्वारा खारिज कर दी गई जिसके बाद दिल्ली सरकार ने मामले के चारों दोषियों की फांसी के लिए नई तारीख जारी करने का अनुरोध करते हुए दिल्ली पटियाला हाउस कोर्ट का रुख किया था।

पटिलाया हाउस कोर्ट ने आज निर्भया के दोषियों को फांसी देने के लिए नया डेथ वारंट जारी करते हुए कहा कि गुनहगारों को 20 फांसी को फांसी होगी। बता दें कि दिल्ली जेल मैनुअल के मुताबिक मौत की सजा का सामना कर रहे किसी दोषी की दया याचिका खारिज होने के बाद उसे फांसी देने से पहले 14 दिन का समय दिया जाता है।

निर्भया के सभी चारों दोषियों को एकसाथ फांसी दी जानी है। बुधवार को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने 25 साल के दोषी पवन कुमार गुप्ता की दया याचिका खारिज कर दी है। पवन कुमार गुप्ता इस मामले के चार दोषियों में से एक है। दिल्ली सरकार ने अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश धर्मेंद्र राणा को बताया कि दोषियों के सभी कानूनी विकल्प खत्म हो गए हैं और अब कोई विकल्प नहीं बचा है। बता दें कि इससे पहले निर्भया के दोषियों की तीन बार फांसी टल चुकी है क्योंकि दोषी अपने कानूनी विकल्पों का इस्तेमाल कर रहे थे।

मुकेश, विनय और अक्षय की दया याचिका राष्ट्रपति पहले ही खारिज कर चुके हैं। निर्भया से 16 दिसंबर, 2012 को दक्षिणी दिल्ली में एक चलती बस में गैंगरेप के साथ ही उस पर बर्बरता से हमला किया गया था। निर्भया की बाद में सिंगापुर के माउंट एलिजाबेथ अस्पताल में मौत हो गई थी। दिल्ली की एक अदालत ने 13 सितंबर 2013 को चारों दोषियों को मौत की सजा सुनाई थी। उसके बाद से इस मामले में कई मोड़ आए।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button