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हिमाचल प्रदेश

बाढ़ में पिता की मौत, मां-दादी भी लापता… कौन है 10 महीने की नीतिका, जो हिमाचल की बनी चाइल्ड ऑफ द स्टेट?

हिमाचल प्रदेश सरकार ने मंडी जिले में बादल फटने से आई बाढ़ की त्रासदी में अनाथ हुई 10 महीने की बच्ची नीतिका को “चाइल्ड ऑफ द स्टेट” घोषित किया है. इस घोषणा के बाद नीतिका की देखभाल और परवरिश की पूरी जिम्मेदारी राज्य सरकार की होगी. इसी दौरान बच्ची के शिक्षा का भी खर्च राज्य सरकार ही उठाएगी.

यह महत्वपूर्ण निर्णय मुख्यमंत्री सुख-आश्रय योजना के तहत लिया गया है, जिसे 2023 में राज्य के अनाथ बच्चों को सहायता प्रदान करने के लिए शुरू किया गया था. इस योजना के अंतर्गत, अनाथ बच्चों को आश्रय, भोजन, कपड़े, उच्च शिक्षा और कौशल विकास के अवसर मिलते हैं. इसके अतिरिक्त, 18 से 27 वर्ष की आयु के ऐसे अनाथ, जिनके पास रहने की जगह नहीं है या जो बेरोजगार हैं, उन्हें भी इस योजना का लाभ मिलता है.

नीतिका के पिता की हो चुकी है मौत

नीतिका के पिता, 31 वर्षीय रमेश की मृत्यु इसी साल 1 जुलाई की रात को तलवाड़ा गांव में बादल फटने के बाद आई बाढ़ में हो गई थी. वह घर में घुसते पानी को रोकने के लिए बाहर निकले थे. नीतिका की मां राधा देवी (24) और दादी पूर्णु देवी (59) मदद के लिए बाहर निकली थीं, लेकिन वे तब से लापता हैं. हादसे वाले दिन, पड़ोसी प्रेम सिंह ने नीतिका को घर में अकेले रोते हुए पाया और यह जानकारी उसके रिश्तेदार बलवंत को दी, जो पूर्व मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर के निजी सुरक्षा अधिकारी हैं.

बुआ के साथ रहती है बच्ची

वर्तमान में, नीतिका अपनी बुआ किरना देवी के साथ शिकौरी गांव में रह रही है, जो तलवाड़ा गांव से लगभग 20 किलोमीटर दूर है. राज्य के राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी ने न्यूज एजेंसी पीटीआई से कहा, “सरकार इस बच्ची की देखभाल एक दीर्घकालिक योजना के तहत करेगी. चाहे वह डॉक्टर, इंजीनियर या अधिकारी बनना चाहे. उसकी शिक्षा और भविष्य की पूरी जिम्मेदारी राज्य सरकार उठाएगी. यह घोषणा नीतिका के भविष्य के प्रति राज्य सरकार की दृढ़ प्रतिबद्धता को दर्शाती है.”

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