ब्रेकिंग
नाइट क्रिकेट प्रतियोगिता का आयोजन, सद्भावना मैच में नेता और अफसर की टीमों में मुकाबला2 भिलाई स्टील प्लांट के कोक ओवन पावर प्लांट में आग, गैस पाइपलाइन में लपटें तेज छत्तीसगढ़ में पुनर्वास से पुनर्जीवन, दरभा डिवीजन में सक्रिय 10 माओवादियों का आत्मसर्मपण MNREGA योजना का नाम क्यों बदल रही है मोदी सरकार? कैबिनेट में होगा फैसला, विपक्ष ने जताया कड़ा विरोध,... जयपुर मेट्रो का नेटवर्क होगा दोगुना! 36 स्टेशन बनाए जाएंगे इन नए रूट्स पर, लाखों यात्रियों को होगा फ... बहादुरगढ़ में एक साथ 4 फैक्ट्रियों में लगी आग:​​​​​​​ फायर ब्रिगेड की 12 गाड़ियों ने पाया काबू, लाखों... कुरुक्षेत्र में 5000 करोड़ के धान घोटाला मामले में DFSC पर गिरी गाज, पद से हटाया इतने लाख में बिका बहुचर्चित HR88B8888 VIP नंबर, व्यवसायी ने पत्नी के नाम पर खरीदा सावधान! हरियाणा में घने कोहरे का Alert, 2 डिग्री गिरा पारा, सबसे ठंडा रहा ये जिला पत्नी का कातिल निकला यूनिवर्सिटी का प्रोफैसर, टेस्ट ने किया ये चौंकाने वाला खुलासा!
देश

आईएनएक्स मीडिया मामला: इन्द्राणी मुखर्जी को सरकारी गवाह बनने की मिली अनुमति

नई दिल्लीः दिल्ली की एक विशेष अदालत ने बृहस्पतिवार को आईएनएक्स मीडिया भ्रष्टाचार मामले में जेल में बंद मीडिया कारोबारी इन्द्राणी मुखर्जी को माफी देते हुए उन्हें अभियोजन के मामले में मदद के लिए सरकारी गवाह बनने की अनुमति दे दी। इस मामले में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी. चिदंबरम और उनके पुत्र कार्ति चिदंबरम आरोपी हैं।

अदालत ने 11 जुलाई को इंद्राणी की उपस्थिति के लिए वारंट जारी किया। इंद्राणी उस दिन सरकारी गवाह बनने से संबंधित दस्तावेज देखेंगी और अपनी मंजूरी देंगी। वह फिलहाल अपनी बेटी शीना बोरा की हत्या के मामले में मुंबई की बायकुला जेल में बंद हैं। कंपनी के संस्थापक और उसके पति पीटर मुखर्जी भी इसी मामले में जेल में बंद हैं। इन दोनों पर शीना की हत्या की साजिश कथित रूप से रचने का मामला चल रहा है।

विशेष जज अरुण भारद्वाज ने आईएनएक्स मीडिया मामले में अपनी मर्जी से सरकारी गवाह बनने को राजी हुई मुखर्जी को माफी दे दी। वह भी इस मामले में आरोपी थी। उनके नाम 305 करोड़ रुपये के मामले में सामने आए हैं। यह मामला आईएनएक्स मीडिया द्वारा कोष प्राप्त करने के लिए 2007 में मिली विदेशी निवेश संवर्द्धन बोर्ड की मंजूरी से जुड़ा है।

तमिलनाडु के शिवगंगा से सांसद कार्ति इस मामले में फिलहाल जमानत पर चल रहे हैं जबकि पूर्व केन्द्रीय मंत्री पी चिदंबरम की अग्रिम जमानत याचिका दिल्ली उच्च न्यायालय में विचाराधीन है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button