ब्रेकिंग
सनातनी विनोद कुमार बिंदल के सान्निध्य में रामलीला का समापन, दशहरा पर रावण दहन और श्रीराम के राज्याभि... US Stance on India Internal Matters: भारत के आंतरिक मामलों में दखल देने से अमेरिका का इनकार, अमेरिकी... Delhi High Court Observation: 'आप लोग जेन-जी नहीं हैं...' कॉकरोच जनता पार्टी के प्रवक्ताओं पर कोर्ट ... Tiger Shroff Attack Case Update: टाइगर श्रॉफ पर हमले की साजिश का बड़ा खुलासा, लॉरेंस बिश्नोई गैंग के... Smriti Irani Attacks Rahul Gandhi: स्मृति ईरानी का राहुल गांधी पर तीखा हमला, महिला पुलिस अफसर के साथ... Mallikarjun Kharge Letter to PM Modi: परिसीमन और संविधान संशोधन को लेकर मल्लिकार्जुन खरगे ने पीएम मो... UP Congress Press Conference: यूपी कांग्रेस ने चुनाव आयोग पर बोला बड़ा हमला, एसआईआर प्रक्रिया में गड... Akhilesh Yadav Warning to Officers: राजनीतिक कार्यकर्ता बनकर काम करने वाले अधिकारियों को जेल जाने की... Supaul News: बिहार के सुपौल में 9 दिनों तक छाती पर कलश रखकर मां दुर्गा की आराधना करने वाली महिला की ... Haridwar Ganga Canal Cleaning News: हरिद्वार में हर की पैड़ी पर सूखी गंगा की धारा, मरम्मत और सफाई के...
विदेश

ईरान ने 225 पाकिस्तानियों को देश से किया निर्वासित, जानें इसके पीछे की वजह

बलूचिस्तान। ईरान ने पाकिस्तान के 225 नागरिकों को देश से निर्वासित कर दिया है। पाकिस्तान के नागरिकों को ईरान ने बलूचिस्तान प्रांत के चगई जिले में ताफ्तान सीमा के माध्यम से सोमवार को वापस भेज दिया। एआरवाई न्यूज के अनुसार इन सभी लोगों को अवैध रूप से ईरान में प्रवेश करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। ऐसे पहली बार नहीं है, जब ईरान ने पाकिस्तानियों को निर्वासित किया है। इससे पहले ईरान 600 से अधिक पाकिस्तान के नागरिकों को वापस भेज चुका है।

ईरानी अधिकारियों ने पाकिस्तानी नागरिकों को लेविस फोर्स के हवाले कर दिया। उन्होंने अवैध रूप से ईरान में प्रवेश किया था और उनके पास वैध यात्रा दस्तावेज नहीं होने के कारण गिरफ्तार किया गया था। लेविस फोर्स ने निर्वासित पाकिस्तानियों को आगे की जांच के लिए संघीय जांच एजेंसी (एफआईए) को सौंप दिया है।

एआरवाई न्यूज के मुताबिक, पिछले हफ्ते ईरानी अधिकारियों ने अवैध रूप से सीमा पार करने के आरोप में 400 पाकिस्तानी नागरिकों को सीमा अधिकारियों को सौंपा था। इससे पहले अप्रैल में, ईरान ने चगाई जिले के उसी सीमावर्ती शहर के माध्यम से 203 पाकिस्तानियों को निर्वासित किया था। लोग अक्सर हरियाली वाले चरागाहों की तलाश में तुर्की, ग्रीस और अन्य यूरोपीय देशों तक पहुंचने के प्रयास में अवैध रूप से सीमा पार करते हैं और मानव तस्करी रैकेट का आसान शिकार बन जाते हैं।

लेविस फोर्स के एक अधिकारी ने डॉन को बताया कि निर्वासित पाकिस्तानी ईरान में अवैध रूप से प्रवेश करने के बाद बेहतर रोजगार के अवसरों की तलाश में तुर्की और यूरोपीय देशों तक पहुंचने की कोशिश कर रहे थे। ईरान और पाकिस्तान की सीमा ईरान के सिस्तान और बलूचिस्तान प्रांत से मिलती है। इसकी लंबाई 959 किलोमीटर (596 मील) है।

Related Articles

Back to top button