छत्तीसगढ़ के साथ दोयम दर्जे का व्यवहार कर रही है केंद्र सरकार-अटल

बिलासपुर। छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल के अध्यक्ष व प्रदेश कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष अटल श्रीवास्तव ने केंद्र सरकार को आड़ेहाथों लेते हुए कहा कि बीते खरीफ वर्ष में खरीदी के दौरान 2500 स्र्पये प्रति क्विंटल समर्थन मूल्य पर राज्य सरकार ने किसानों के धान खरीदी का एलान किया तब केंद्र सरकार ने अड़ंगा लगाते हुए कस्टम मिलिंग के चावल का कोटा घटाने की बात कही। तब राज्य श्ाासन ने राजीव गांधी न्याय योजना के तहत किसानों को शेष राशि का भुगतान करना शुरू किया।
खाद की आपूर्ति में हीलाहवाला का आरोप लगाते हुए शहर व जिला कांग्रेस कमेटी के बैनर तले कांग्रेस के दिगगज पदाधिकारियों व कार्यकर्ता सुबह 11 बजे से नेहरू चौक पर धरना-प्रदर्शन कर रहे हैं। केंद्र सरकार की किसान विरोधी नीति और छत्तीसगढ़ के अन्न्दाता किसानों के लिए पर्याप्त मात्रा में खाद की आपूर्ति करने की मांग कर रहे हैं। धरना में उपस्थित पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए पीसीसी उपाध्यक्ष श्रीवास्तव ने कहा कि केंद्र सरकार की मंशा प्रदेश के अन्न्दाता किसान साफ समझ चूके हैं।
राज्य सरकार ने जब 2500 स्र्पये प्रति क्विंटल समर्थन मूल्य देने की घोष्ाणा की तब केंद्र ने इस कीमत पर धान खरीदने में आपत्ति दर्ज कराई व कस्टम मिलिंग के चावल के कोटे में कटौती कर दी। बारदाना की आपूर्ति में भी अड़ंगेबाजी किसी से छिपी हुई नहीं है। अब खाद की आपूर्ति को लेकर बाधा खड़ी की जा रही है। जब से छत्तीसगढ़ में कांग्रेस की सरकार सत्ता में आई है केंद्र सरकार दोयम दर्जे का व्यवहार कर रही है। केंद्र सरकारी की नीतियों को आड़ेहाथों लेते हुए पीसीसी उपाध्यक्ष ने कहा कि केंद्र सरकार की नीति किसान, मजदूर के अलावा छोटे-बड़े व्यवसायी, निम्न-मध्यम वर्ग विरोधी है। बीते सात वर्षों में जितनी भी योजनाएं बनाई गई हंै अमूमन सभी जनविरोधी हैं।
तीन कृषि कानून के विरोध में अन्न्दाता सड़क की लड़ाई लड़ रहे हैं। केंद्र सरकार अपनी नीति में सुधार ना कर किसानों को और परेशान कर रही है। केंद्र सरकार छत्तीसगढ़ की जनता की लगातार अहित कर रही है। छत्तीसगढ़ सरकार ने वर्ष 2021 में खरीफ फसल के लिए 11.75 लाख मीट्रिक टन खाद की मांग की। जुलाई बीत जाने के बाद भी केंद्र सरकार ने मात्र 5.26 लाख मीट्रिक टन खाद आपूर्ति की है,
जो कुल मांग का 45 प्रतिशत होता है। केंद्र सरकार की मंशा है कि समय पर किसान को खाद ना मिले। धान का उत्पादन कम हो। शहर कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष प्रमोद नायक ने कहा कि किसानों को समय पर पर्याप्त खाद नहीं मिलेगी तो धान के उत्पादन में भारी गिरावट आएगी। किसानों की हित को सामने रखकर कांग्रेस ने किसान हित में सड़क की लड़ाई लड़ने का निर्णय लिया है।
धरना-प्रदर्शन में इनकी रही मौजूदगी
संसदीय सचिव, विधायक, निगम, मंडल के सदस्य, महापौर ,जिला पंचायत अध्यक्ष ,पूर्व सांसद,पूर्व विधायक, प्रदेश पदाधिकारी, जिला,शहर व ब्लाक के कार्यकारिणी सदस्य, एमआइसी सदस्य, पार्षद दल, एल्डरमैन, महिला कांग्रेस, निर्वाचित जन प्रतिनिधि, सेवादल, युवा कांग्रेस, एनएसयूआइ, किसान कांग्रेस, झुग्गी-झोपड़ी प्रकोष्ठ, एससी प्रकोष्ठ,सहकारिता प्रकोष्ठ, मोर्चा, अनुषांगिक संगठन, विभाग के सदस्य ,पदाधिकारी एवं कांग्रेसजनों की मौजूदगी रही।






