जिन विधानसभा क्षेत्रों में भाजपा का कब्जा, वहां पीसीसी चेयरमैन मरकाम करेंगे दौरा

बिलासपुर। प्रदेश कांग्रेस कमेटी के रणनीतिकार वर्ष 2023 में होने वाले विधानसभा चुनाव की तैयारी में जुटते जा रहे हैं। वर्ष 2018 के विधानसभा चुनाव में प्रदेश के जिन विधानसभा क्षेत्रों में पार्टी के अधिकृत उम्मीदवार पराजित हुए थे उन क्षेत्रों में प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष मोहन मरकाम जनजागरण अभियान चलाएंगे। बिलासपुर जिले के अंतर्गत आने वाले चार विधानसभा क्षेत्रों मेें पीसीसी चीफ का दौरा कार्यक्रम भी तय हो गया है।
पीसीसी के रणनीतिकारों ने संगठन के नजरिए से कमजोर विधानसभा सीटों पर अभी से ही प्रबंधन की तैयारी शुरू कर दी है। प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष मरकाम ने खुद ही इसकी कमान संभाल ली हैॅ। इसकी शुरुआत बिलासपुर जिले से हो रही है। 20,21 व 22 नवंबर को पीसीसी चीफ जिले के दौरे पर रहेंगे
इस दौरान जनजागरण अभियान चलाएंगे। वर्ष 2018 के विधानसभा चुनाव में बिल्हा,मस्तूरी,बेलतरा व कोटा विधानसभा सीटों पर कांग्रेस के उम्मीदवारों को पराजय का सामना करना पडा था। इन चारों सीटों पर कांग्रेस के अधिकृत उम्मीदवारों को बडे वोटों के अंतर से पराजित होना पडा था।
मस्तूरी व बिल्हा में हार का अंतर कोटा व बेलतरा विधानसभा सीट से ज्यादा था। बिल्हा व कोटा विधानसभा क्षेत्र में भाजपा व कांग्रेस के उम्मीदवारों के बीच सीधा मुकाबला रहा। मस्तूरी व बेलतरा विधानसभा क्षेत्र में त्रिकोणीय मुकाबले में भाजपा के उम्मीदवारों को राजनीतिक रूप से लाभ हुआ और चुनाव जीतने में सफल रहे
बदली नजर आएगी राजनीतिक परिस्थितियां
मस्तूरी,बेलतरा व कोटा विधानसभा क्षेत्रों में वर्ष 2023 में होने वाले विधानसभा चुनाव के दौरान राजनीतिक परिस्थितियां अलग दिखाई देंगे। जकांछ के बैनर तले विधानसभा चुनाव लडने वाले अनिल टाह कांग्रेेस में शामिल हो गए हैं। कोटा विधानसभा क्षेत्र की राजनीतिक परिस्थितियां भी बदली नजर आएंगी। राजनीतिक और संगठनात्मक कारणों को पफोकस करते हुए कांग्रेस के रणनीतिकारों ने कमजोर विधानसभा सीटों पर फोकस करना शुरू कर दिया है।
जनजागरण अभियान मेें सभी की रहेगी मौजूदगी
पीसीसी के बैनर तले प्रदेशभर मेें चलाए जाने वाले जनजागरण अभियान मेें दिग्गज कांग्रेसी नेताओं की ड्यूटी लगाई गई है। पीसीसी के निर्देशों पर गौर करें तो अभियान के दौरान पदाधिकारियों के अलावा कार्यकर्ताओं की मौजूदगी को अनिवार्य किया गया है। महंगाई के खिलाफ चलाए जाने वाले अभियान के दौरान किसानों,आम लोगोे व गृहणियों की ज्यादा से ज्यादा मौजूदकी पर पीसीसी ने बल दिया है।






