ब्रेकिंग
लुधियाना में विश्वासघात: 3 साल से घर में काम कर रही नौकरानी पर अलमारी से नकदी चुराने का गंभीर आरोप Ludhiana Extortion Racket: विदेशी गैंगस्टर हरमन संधू के दो सक्रिय शूटर गिरफ्तार, 9 एमएम ग्लॉक पिस्टल... लुधियाना के न्यू बहादुरके गांव में खूनी संघर्ष: ट्रांसफार्मर और खंभे लगवा रहे पंच के भाई पर दातर से ... जालंधर में नशा तस्करी के खिलाफ बड़ी स्ट्राइक: नकोदर में कैंटर से 405 किलोग्राम डोडा पोस्त बरामद, तस्... लुधियाना में सनसनीखेज वारदात: कोर्ट मंगल सिंह नगर में रिहायशी मकान पर कार सवार बदमाशों ने की ताबड़तो... तलवाड़ा में दिल दहला देने वाला मामला: शादी से कुछ दिन पहले मंगेतर की प्रताड़ना से तंग आकर युवती ने न... Amritsar Murder Case Update: गैंगस्टर गोल्डी ढिल्लों और जग्गा तरनतारन ने ली मेकअप आर्टिस्ट मैडी संधू... Punjab Police Recruitment 2026: पंजाब सरकार का बड़ा ऐलान, पुलिस विभाग में 10,000 नए पदों पर होगी भर्... फगवाड़ा से होशियारपुर का सफर होगा बेहद आसान: भारतमाला परियोजना के तहत बन रहा 48.62 किमी लंबा फोरलेन ... Amritsar Murder Case: सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर मैडी संधू की हत्या का खुलासा, स्टारबक्स से कर रहे थे ह...
झारखण्ड

Khunti Sadar Hospital: इलाज के दौरान मजदूर की मौत से शोक, ठेकेदार और परिजनों ने दी घटना की जानकारी

झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम जिले के बंदगांव प्रखंड अंतर्गत ममाइल गांव में स्वास्थ्य उपकेंद्र के निर्माण कार्य में मजदूरी कर रहे आदिम जनजाति समुदाय के एक मजदूर की खूंटी सदर अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई है। मृतक की पहचान गढ़वा जिले के रंका प्रखंड क्षेत्र अंतर्गत बरवाडीह गांव निवासी रामदेव कोरवार के रूप में हुई है। वह पिछले करीब 15 दिनों से ममाइल स्थित निर्माण स्थल पर रहकर मजदूरी का काम कर रहा था, जिससे उसके परिवार और साथियों में शोक की लहर दौड़ गई है।

🩺 अचानक तबीयत बिगड़ने पर खूंटी सदर अस्पताल किया गया था रेफर, तड़के हुई मौत

परिजनों और साथियों से मिली जानकारी के अनुसार, रामदेव कोरवा पिछले दो-तीन दिनों से बीमार चल रहा था और स्थानीय स्तर पर ही दवा ले रहा था। इसी बीच अचानक तेज बुखार और गंभीर स्थिति होने पर उसे सबसे पहले बंदगांव अस्पताल पहुंचाया गया, जहाँ प्राथमिक उपचार के बाद उसकी नाज़ुक हालत को देखते हुए चिकित्सकों ने उसे खूंटी सदर अस्पताल रेफर कर दिया। देर रात गंभीर अवस्था में उसे खूंटी लाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने इलाज शुरू किया, लेकिन तड़के करीब चार बजे उसकी मौत हो गई। खूंटी सदर अस्पताल के उपाधीक्षक डॉ. आनंद उरांव ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि अस्पताल प्रबंधन ने प्रशासनिक औपचारिकताएं पूरी कर शव को वाहन से पैतृक गांव गढ़वा भेजने की व्यवस्था कर दी है।

🚛 ठेकेदार ने दी जानकारी: मुंशी की सूचना पर तुरंत भिजवाया गया था अस्पताल

निर्माण कार्य करवा रही एजेंसी के संवेदक संजीत कुमार ने बताया कि कंस्ट्रक्शन साइट पर मृतक के फूफा मंजीत कोरवा बतौर मुंशी कार्य करते हैं और उनके जरिए ही ग्रामीण इस कार्य से जुड़े थे। मुंशी द्वारा तबीयत खराब होने की सूचना मिलते ही तत्काल वाहन की व्यवस्था कर मजदूर को अस्पताल भिजवाया गया था, लेकिन तमाम कोशिशों के बावजूद उसकी जान नहीं बचाई जा सकी।

Related Articles

Back to top button