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कुंडली में बनता एक योग बनाता है जातक को धनवान और भाग्यशाली

ज्योतिषशास्त्र के अनुसार सूर्य और चंद्र की विशेष दूरियों की स्थिती के कारण कुंडली मे योग बनते हैं। ज्योतिषशास्त्र में 27 योगों का जिक्र मिलता है। जिसमें से नौ अशुभ योग बताए गए हैं और वहीं बाकी सभी को शुभ योग माना गया है। इन्हीं में से एक योग है इन्द्र योग। कहते हैं यह योग काफी शुभ फलदायी होता हैजिस भी जातक की कुंडली में यह योग बनता है उसके सभी कार्य पूरे होते हैं। जो लोग इस योग में पैदा होते हैं वह काफी धनवान और भाग्यशाली होते हैं। इस योग में राज्य पक्ष के रुके हुए सभी कार्य पूरे होते हैं और सभी कार्यों में सफलता प्राप्त होती है।

जानते हैं कि किन किन परिस्थितियों में बनता है कुंडली में इंद्र योग। जब जातक की कुंडली में लग्न का स्वामी मिथुन नवांष में एकादश भाव में चतुर्थेश से युक्त होता है तब इंद्र योग बनता है।

जिन लोगों की कुंडली में तुला लग्न और इंद्र योग होता है ऐसे लोगों को बहुत मान सम्मान प्राप्त होता है। यह लोग हमेशा न्याय और धैर्य के मार्ग पर चलते हैं। जिस भी जातक की कुंडली में इंद्र योग बनता है उनको धन लाभ भी होता है।

जब कुंडली में चंद्रमा से तीसरे स्थान पर मंगल हो और सातवें भाव पर शनि विराजमान हो या फिर शनि से सातवें भाव में शुक्र मौजूद हो और शुक्र से सातवें भाव में गुरु हो तब भी इंद्र योग बनता है। इस ग्रह गोचर के साथ जिंस जातक की कुंडली में इंद्र योग बनता है ऐसे लोग काफी चतुर और बुद्धिमान होते हैं।

जिन लोगों की जन्म कुंडली में पंचम भाव में चंद्रमा स्थित हो और पंचमेश एकादश भाव के स्वामी का स्थान परिवर्तन होता है ऐसे लोगों की कुंडली में भी इंद्र योग का निर्माण होता है।
यह तो बात हुई कि किन-किन गृह दशाओं के कारण कुंडली में इंद्र योग बनता है। अब बात करते हैं इस योग के बनने से किन किन फलों की प्राप्ति होती है। इंद्र योग काफी शुभ फलदायी योग होता है। इसमें जातक को शुभ लाभ प्राप्त होते हैं।

जिन लोगों की कुंडली में यह योग बनता है ऐसे लोग बहुत चतुर और रणनीतिज्ञ माने गए हैं। कहते हैं इस युग के कारण जातक को धन लाभ होता है और उसके सभी अधूरे कार्य पूरे होते हैं। इंद्र योग जिन लोगों की कुंडली में बनता है ऐसे लोग काफी बुद्धिमान होते हैं। इस योग के बनने से सरकारी कामों में भी सफलता प्राप्त होती।

यदि आपकी कुंडली में इंद्र योग बन रहा है और आपको राज्य पक्ष के कुछ कार्य रुके हुए हैं तो उन्हें सुबह दोपहर या शाम के समय करें इससे आपको इन कार्यों में सफलता प्राप्त होगी। ऐसे कार्यों को रात में करने से बचना चाहिए।

इंद्र योग व्यक्ति को समाज में मान सम्मान और प्रसिद्धि दिलवाता है। इस योग के चलते जातक अपने जीवन में अत्यधिक धन की प्राप्ति होती है। ऐसे लोग न केवल ईमानदार होते हैं बल्कि उनका ईश्वर में भी काफी विश्वास होता है। जिन लोगों की कुंडली में इंद्र योग बनता है उन्हें पितरों का आशीर्वाद प्राप्त होता है। जिसके कारण यह लोग अपने कुल का नाम रोशन करते हैं।

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