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तिब्बत के यातायात में आया कायापलट

बीजिंग | इधर के कुछ सालों में विश्व की छत पर स्थित चीन के तिब्बत स्वायत्त प्रदेश के यातायात निर्माण में दिन दुनी रात चौगुनी प्रगति हुई है। अन्य इलाके या विदेश से तिब्बत जाने वाले सभी लोगों को एक बड़ी हैरानी तो यही है कि तिब्बत में यातायात की सुविधाएं उन की कल्पना के बाहर है। कहा जा सकता है कि तिब्बत में अब चतुमुर्खी और आधुनिक यातायात नेटवर्क बन चुका है।

तिब्बत की समुद्र सतह से औसत ऊंचाई 4000 मीटर से अधिक है। उसके चारों ओर ऊंचे ऊंचे पहाड़-पर्वत फैले हुए हैं। पिछली सदी के पचास वाले दशक के पहले तिब्बत की विशाल भूमि में एक ही पक्का मार्ग नहीं था। तिब्बत में सामग्री पहुंचाने वाला मुख्य साधन घोड़े व याक थे। तिब्बत के पास स्थित छिंगहाई या सछ्वान प्रांत से ल्हासा जाने के लिए आम तौर पर कई महीने लगते थे और कभी कभी एक साल भी लग जाता था। अगर आपात काम था, तो कुछ लोग पहले भारत के कोलकाता जाते थे ,फिर वहां से उत्तर की ओर तिब्बत जाते थे ।25 दिसंबर 1954 को सछ्वान-तिब्बत सड़क और छिंगहाई-तिब्बत सड़क एक साथ चालू हुई ,जिस का प्रतीक है कि तिब्बत के आधुनिक यातायात का इतिहास शुरू हुआ।

पिछले साल जून में ल्हासा-लिनची रेलवे का संचालन आरंभ हुआ। बुलेट ट्रेन पहली बार छिंगहाई तिब्बत पठार पर चली गयी। लिन ची शहर के रिटायर कार्यकर्ता लाबा त्सीरन ने हाल ही में मीडिया के साथ एक बातचीत में बताया कि पिछली सदी के 60 व 70 वाले दशक में लिनची से ल्हासा जाने के लिए तीन या चार दिन लगते थे। ल्हासा-लिनची एक्सप्रेस वे का निर्माण पूरा होने के बाद यात्रा का समय घटकर चार घंटे हो गये और रेलवे सेवा उपलब्ध होने के बाद यात्रा का समय सिर्फ तीन घटे से अधिक का ही रह गया, जिस से लोगों के जीवन में बड़ी सुविधा मिली है।

तिब्बत स्वायत्त प्रदेश सरकार से मिली ताजा आंकड़ों के अनुसार अब तिब्बत में सड़कों की कुल लंबाई 1 लाख 20 हजार किलोमीटर है। 94 प्रतिशत कस्बे और 76 प्रतिशत गांव पक्के रास्ते से जुड़े हुए हैं। रेल सेवा ल्हासा, शिकाजे, नाछु, शाननान और लिनची पांच शहर तक पहुंच गई है।

उल्लेखनीय बात है कि पिछले साल के अगस्त में ल्हासा कुंगगा अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के टर्मिनल 3 का संचालन शुरू हुआ, जिसे एक साल में 90 लाख लोगों की सेवा प्रदान करने की क्षमता है। इस के अलावा तिब्बत के छांग तु, लिन ची, शिकाजे और अली में एयर सेवा भी उपलब्ध है। तिब्बत की देसी-विदेशी एयरलाइनों की संख्या 140 है।

तिब्बत स्वायत्त प्रदेश सरकार की कार्य रिपोर्ट के अनुसार चालू साल तिब्बत चतुमुर्खी यातायात व्यवस्था के निर्माण पर जोर देता रहेगा। तिब्बत ग्रामीण क्षेत्रों में 96 सड़क परियोनजाएं लागू होंगी और सिलसिलेवार राष्ट्रीय व प्रांतीय सड़कों का उन्नयन करेगा। जाहिर है कि तिब्बत के यातायात कार्य का भविष्य और उज्‍जवल होगा।

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