ब्रेकिंग
JPSC पेपर लीक मामला: CID ने पूर्व अध्यक्ष खियांगते को लिया हिरासत में, 17वें दिन भी छात्रों का प्रदर... दिल्ली विधानसभा में पेश 2024-25 की CAG रिपोर्ट: सब्सिडी में 172% की बढ़ोतरी, घटकर 3,695 करोड़ हुआ कै... जयपुर में राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा मामला: डीप-टेक रोबोटिक कंपनी से सीक्रेट कोडिंग और LiDAR सेंसर च... पेपर लीक के 'Proceeds of Crime' की होगी जांच: ED खंगालेगी पूरा नेटवर्क, NEET-UG मामले में भी जल्द हो... केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा का राहुल गांधी पर बड़ा हमला, बोले— "राहुल हर दिन बदलते हैं गोलपोस्ट, फैला... मानसून सत्र के अंतिम 2 दिन: छात्र लाठीचार्ज पर चर्चा को तैयार सरकार, क्या JPC को भेजा जाएगा FCRA संश... दिल्ली विधानसभा में सीएम रेखा गुप्ता का बड़ा वक्तव्य, कहा— "First in My Bloodline" हर बेटी के सशक्ति... दिल्ली और झारखंड में छात्रों पर बल प्रयोग पर भड़के राहुल गांधी, राम मंदिर में कथित चोरी पर भी पीएम म... महाराष्ट्र में साइबर अपराधियों पर पुलिस का बड़ा एक्शन, 'ऑपरेशन 1930 साइबर सेफ्टी' के तहत 803 प्रोएक्... ठाणे के कापूरबावडी में करोड़ों की संपत्ति पर अवैध तोड़फोड़ का आरोप: बिना नोटिस कार्रवाई से पीड़ित पर...
विदेश

रूसी S-400 मिसाइल सिस्‍टम खरीदने के फैसले पर ट्रंप प्रशासन ने भारत को दी चेतावनी

वाशिंगटन: ट्रंप प्रशासन ने चेतावनी दी है कि रूस से मिसाइल रक्षा प्रणाली एस-400 खरीदने के भारत के फैसले का अमेरिका तथा भारत के बीच रक्षा संबंधों पर गंभीर असर पड़ेगा। एस-400 सतह से हवा में मार करने में सक्षम रूस की अत्याधुनिक मिसाइल रक्षा प्रणाली है। चीन ने रूस से इस प्रणाली की खरीद के लिए 2014 में सबसे पहले समझौता किया था । भारत और रूस के बीच इस प्रणाली की खरीद के लिए पिछले साल अक्टूबर में पांच अरब डॉलर का समझौता हुआ था। यह समझौता प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के बीच व्यापक चर्चा के बाद हुआ था।

विदेश मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने गुरुवार को संवाददाताओं को बताया कि रूस से एस-400 हवाई रक्षा प्रणाली खरीदने का निर्णय अहम है। उन्होंने इस विचार से असहमति जतायी कि यह कोई बड़ी बात नहीं है। एस 400 मिसाइल रक्षा प्रणाली सौदे का परिणाम अमेरिकी प्रतिबंधों के रूप में सामने आ सकता है। अमेरिकी कांग्रेस ने रूस से हथियारों की खरीद को रोकने के लिए काउंटरिंग अमेरिकाज एडवर्सरीज थ्रू सेंक्शंस एक्ट (सीएएटीएसए) कानून बनाया था। और इसी कानून के तहत अमेरिका प्रतिबंध लगा सकता है।

उन्होंने कहा कि यदि भारत एस-400 मिसाइल रक्षा प्रणाली खरीदने के फैसले पर आगे बढ़ता है तो उससे रक्षा संबंधों पर गंभीर असर पड़ेगा। अधिकारी ने कहा कि ट्रंप प्रशसन का स्पष्ट मानना है कि रूस की उन्नत प्रौद्योगिकी खरीदने से रूस को गलत संदेश जाएगा वह भी तब जब वह आक्रामक रुख अपनाए हुए है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button