ब्रेकिंग
Supreme Court on Air Ticket Price Hike: हवाई किराये में 700% बढ़ोतरी पर सुप्रीम कोर्ट की सख्त टिप्पण... Tej Pratap Yadav Security Increase Demand: जनशक्ति जनता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष तेज प्रताप यादव ने क... ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता मिटाओ’ मार्च के बाद केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का तेलंगाना से कांग्रेस को ... गुजरात में सख्त शराबबंदी के नियमों को धत्ता बताते हुए राजकोट के एक होटल में आयोजित हुई हाई-प्रोफाइल ... पैनिक अटैक: बिना किसी वास्तविक खतरे के अचानक शरीर में क्यों उत्पन्न होने लगती है घबराहट और बेचैनी? Dewas TI Dilip Puri Murder Case: शहीद टीआई दिलीप पुरी के परिवार को 1 करोड़ की सहायता और पत्नी को एसआ... Dilip Puri Funeral Barmandal Dhar: शहीद टीआई दिलीप पुरी का पैतृक गांव बरमंडल में राजकीय सम्मान के सा... Ayodhya Ram Mandir Donation Case Supreme Court: राम मंदिर दान चोरी मामले में सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फ... Dilip Puri Murder Case Dewas: अवैध शराब पकड़ने गए टीआई दिलीप पुरी की ट्रक से कुचलकर हत्या, सिविल ड्र... PDP Foundation Day Srinagar 2026: श्रीनगर में पीडीपी के कार्यकर्ता सम्मेलन में महबूबा मुफ्ती का केंद...
धार्मिक

14 जनवरी को मनाई जाएगी विनायक चतुर्थी, इन मंत्रों का करें जाप, दोगुना मिलेगा लाभ

2.ॐ ग्लौम गौरी पुत्र, वक्रतुंड, गणपति गुरु गणेश।

ग्लौम गणपति, ऋद्धि पति, सिद्धि पति करो दूर क्लेश ।।

3.त्रयीमयायाखिलबुद्धिदात्रे बुद्धिप्रदीपाय सुराधिपाय।

नित्याय सत्याय च नित्यबुद्धि नित्यं निरीहाय नमोस्तु नित्यम्।

4. ॐ गं गणपतये सर्व कार्य सिद्धि कुरु कुरु स्वाहा ॥

5. महाकर्णाय विद्महे, वक्रतुण्डाय धीमहि, तन्नो दंती प्रचोदयात्।।

गजाननाय विद्महे, वक्रतुण्डाय धीमहि, तन्नो दंती प्रचोदयात्।।

6. गणपतिर्विघ्नराजो लम्बतुण्डो गजाननः ।

द्वैमातुरश्च हेरम्ब एकदन्तो गणाधिपः ॥

विनायकश्चारुकर्णः पशुपालो भवात्मजः ।

द्वादशैतानि नामानि प्रातरुत्थाय यः पठेत्‌ ॥

विश्वं तस्य भवेद्वश्यं न च विघ्नं भवेत्‌ क्वचित्‌ ।

7. ॐ श्रीं ह्रीं क्लीं ग्लौं गं गण्पत्ये वर वरदे नमः

ॐ तत्पुरुषाय विद्महे वक्रतुण्डाय धीमहि तन्नो दन्तिः प्रचोदयात”

8. ॐ श्रीं गं सौभाग्य गणपतये।

वर्वर्द सर्वजन्म में वषमान्य नम:।।

9. दन्ताभये चक्रवरौ दधानं, कराग्रगं स्वर्णघटं त्रिनेत्रम्।

धृताब्जयालिङ्गितमाब्धि पुत्र्या-लक्ष्मी गणेशं कनकाभमीडे॥

10. गणपूज्यो वक्रतुण्ड एकदंष्ट्री त्रियम्बक:।

नीलग्रीवो लम्बोदरो विकटो विघ्रराजक :।।

धूम्रवर्णों भालचन्द्रो दशमस्तु विनायक:।

गणपर्तिहस्तिमुखो द्वादशारे यजेद्गणम।।

डिसक्लेमर

‘इस लेख में दी गई जानकारी/सामग्री/गणना की प्रामाणिकता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं है। सूचना के विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/धार्मिक मान्यताओं/धर्मग्रंथों से संकलित करके यह सूचना आप तक प्रेषित की गई हैं। हमारा उद्देश्य सिर्फ सूचना पहुंचाना है, पाठक या उपयोगकर्ता इसे सिर्फ सूचना समझकर ही लें। इसके अतिरिक्त इसके किसी भी तरह से उपयोग की जिम्मेदारी स्वयं उपयोगकर्ता या पाठक की ही होगी।’

Related Articles

Back to top button