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मध्यप्रदेश

जन विश्वास बिल 2.0 जल्द…CM मोहन यादव ने निवेश अनुकूल माहौल के लिए PM मोदी को दिया क्रेडिट

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में भारत ने व्यापार अनुकूल माहौल तैयार करने में बड़ी प्रगति की है. भारत अब ग्लोबल इंनेस्टर्स के लिए एक अहम डेस्टिनेशन बन चुका है. वर्ल्ड बैंक की ईज़ ऑफ डूइंग बिजनेस रैंकिंग में भारत ने 2014 में 142वें स्थान से 2019 में 63वें स्थान तक का सफर तय किया. यह प्रधानमंत्री मोदी की नीतिगत पहल और सुधार की देन है.

मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में केंद्र सरकार द्वारा लाया गया जन विश्वास (उपबंधों का संशोधन) अधिनियम, 2023, व्यापार को सरल और सुविधाजनक बनाने के लिए मील का पत्थर साबित हुआ. यह अधिनियम 42 केंद्रीय कानूनों में संशोधन करते हुए छोटे-मोटे अपराधों को गैर-आपराधिक श्रेणी में रखा और अनुपालन प्रक्रिया को सरल बनाया.

180 से ज़्यादा प्रावधान डीक्रिमिनलाइज्ड

सीएम मोहन यादव ने कहा कि जन विश्वास बिल को प्रस्तुत करते हुए वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल का दिया वक्तव्य काफी अहम -“यह जन विश्वास बिल शुरुआत है, अंत नहीं है. यह पहला प्रयास है, आगे ऐसे और प्रयास बहुत सारे हैं”. वहीं जन विश्वास अधिनियम 2023 को प्रस्तुत करते हुए प्रधानमंत्री ने अपने वक्तव्य में कहा, इसके तहत 180 से ज़्यादा प्रावधानों को डीक्रिमिनलाइज़ करने का काम किया गया है. जो पहले छोटे-छोटे अपराधों में जेल का प्रावधान था, उन्हें डीक्रिमिनलाइज़ करके सरकार ने नागरिक को ताकत दी है, कोर्ट के चक्करों से ज़िंदगी बचाने के लिए, कोर्ट के बाहर विवादों से मुक्ति की दिशा में एक महत्वपूर्ण काम, जन विश्वास अधिनियम ने किया है.

साल 2025 को उद्योग एवं रोजगार वर्ष घोषित करते हुए मध्यप्रदेश ने निवेश संवर्धन के क्षेत्र में ऐतिहासिक उपलब्धियां अर्जित की हैं. राज्य सरकार के निरंतर प्रयासों और निवेशक-अनुकूल नीतियों के परिणामस्वरूप प्रदेश में निवेश के प्रति उत्साहजनक रुझान देखने को मिला है. राज्य उद्योगों के Ease of Doing Business के लिए गंभीर है और त्वरित कदम भी उठा रहा है.

64 प्रावधान गैर-अपराधीकरण श्रेणी में

मध्यप्रदेश देश का पहला राज्य बना जिसने जन विश्वास (उपबंधों का संशोधन) अधिनियम 2024 पारित किया. इसके तहत 5 महत्वपूर्ण विभागों के 64 प्रावधानों को गैर-अपराधीकरण की श्रेणी में लाया गया, जिससे उद्योगों के लिए अनुपालन बोझ कम हुआ है और व्यापार सुगमता बढ़ी है. उद्योग स्थापना और संचालन को सुगम बनाने के लिए 2640 अनुपालनों को सरलीकृत या समाप्त किया गया है. साथ ही, राज्य ने 925 अप्रचलित अधिनियमों को निरस्त किया है. इसके अतिरिक्त, राज्य द्वारा कुल 152 प्रावधानों को अपराधमुक्त किया गया है (जिसमें जन विश्वास (उपबंधों का संशोधन) अधिनियम 2024 के अंतर्गत 64 प्रावधान शामिल हैं).

MP इन्वेस्ट पोर्टल को नेशनल सिंगल विंडो सिस्टम (NSWS) से जोड़ा गया है, जिससे निवेशकों को एक ही स्थान पर विभिन्न स्वीकृतियां प्राप्त करने में आसानी हो रही है. मध्यप्रदेश ने GIS आधारित भूमि आवंटन प्रणाली, साइबर तहसील, और संपदा 2.0 जैसी अग्रणी पहलों को लागू किया है, जो व्यापार और नागरिक सेवाओं को अधिक कुशल, सरल और सुव्यवस्थित बनाने के लिए डिज़ाइन की गई हैं. अपने सुधार प्रयासों के लिए राज्य को बिजनेस रिफॉर्म एक्शन प्लान (BRAP) 2022 रैंकिंग में टॉप अचीवर्स श्रेणी में स्थान मिला.

मध्यप्रदेश में निवेश-अनुकूल नीतियां लागू

यह रैंकिंग मध्यप्रदेश की निवेश-अनुकूल नीतियों और सक्रिय सुधारों की पुष्टि करती है. इस सफलता को आगे बढ़ाते हुए, राज्यद्वारा मध्यप्रदेश जन विश्वास (उपबंधों का संशोधन) विधेयक, 2025 का प्रारूप विधेयक तैयार किया गया है, जिसमें राज्य के 12 विभागों के 20 अधिनियमों में 44 उपबंधों में संशोधन का प्रस्ताव है. विधेयक में कारावास या जुर्माने या दोनों, दंड/जुर्माना को शास्ति में परिवर्तित किया जाना, कंपाउंडिंग का प्रावधान लागू किया जाना और धाराएं हटाई जाना तथा अधिनियम निरस्त किया जाना शामिल है.

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