ब्रेकिंग
स्वतंत्रता दिवस पर दिल्ली मेट्रो की खास तैयारी: सुबह 4 बजे से शुरू होंगी ट्रेनें, रक्षा मंत्रालय ने ... भगवान गौतम बुद्ध की पावन जन्मस्थली लुंबिनी, 563 ईसा पूर्व रानी मायादेवी ने शाल वृक्ष के नीचे दिया था... महाराष्ट्र राजनीति में हलचल: देर रात वर्षा बंगले पर मिले शिंदे और फडणवीस, रायगढ़ पालक मंत्री और महाम... बागपत में सनसनीखेज डबल मर्डर: 20 दिन से लापता दो दोस्तों के शव मंदिर की धूनी के नीचे दफन मिले, फरार ... भोपाल के बोट क्लब में दिखा अद्भुत नजारा: देश में पहली बार तालाब के बीच बना 'फ्लोटिंग तिरंगा', सीएम म... हरिद्वार में कांवड़ मेले के समापन के बाद महा-सफाई अभियान, घाटों और सड़कों से हटाया जा रहा 7000 मीट्र... राज्यसभा से पास हुआ 'खान और खनिज (विकास एवं नियमन) संशोधन विधेयक 2026', खनिज भूमि पर केंद्रीय नियंत्... पंजाब कांग्रेस में गहराया अंदरूनी संकट, पूर्व सीएम चन्नी और प्रदेश अध्यक्ष राजा वड़िंग के बीच शुरू ह... भरत तिवारी एनकाउंटर मामले में जांच आयोग ने सौंपी अंतरिम रिपोर्ट, बिहार सरकार का बड़ा फैसला 'हम सरकार को पागल कर देंगे'— रचनात्मक कांग्रेस राष्ट्रीय अधिवेशन में राहुल गांधी का केंद्र सरकार पर ...
देश

नये कृषि कानूनों के समर्थन में कृषि मंत्री नरेंद्र तोमर से मिलने वाले हरियाणा के 10 किसानों को मिल रही धमकी

सोनीपत। हरियाणा के प्रगतिशील किसान और पद्मश्री से सम्मनित कंवल सिंह चौहान को नये कृषि कानूनों का समर्थन करना भारी पड़ रहा है। उनको देश-विदेश से लगातार धमकी भरी काल आ रहीं हैं। कृषि कानूनों का समर्थन करने पर उनको गंभीर परिणाम भुगतने की चेतावनी मिल रही हैं। कनाडा, अमेरिका और ऑस्ट्रेलिया से काल करके उनको किसानों का गद्दार कहने के साथ ही अपशब्द भी कहे जा रहे हैं। उनके साथ ही केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र तोमर से मुलाकात कर अपना समर्थन देने वाले अन्य 10 प्रगतिशील किसानों को भी इसी तरह धमकियां मिल रही हैं। अनहोनी की आशंका के चलते उन्होंने पुलिस में शिकायत कर दी है। पुलिस ने उनके फोन की निगरानी शुरू कर दी है।

कृषि कानूनों का विरोध करते हुए किसान 19 दिन से कुंडली बार्डर पर धरना दे रहे हैं। किसानों की ओर से नए कृषि कानूनों को रद्द करने की मांग की जा रही है। वहीं बहुत से किसान ऐसे हैं, जो कृषि कानूनों का समर्थन कर रहे हैं। इसी क्रम में प्रदेश के प्रगतिशील किसान पद्मश्री कंवल सिंह चौहान के नेतृत्व में किसानों का 25 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल पिछले दिनों केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र तोमर से मिला था। उन्होंने कृषि कानूनों को किसानों के हित में बताते हुए उनका समर्थन किया था। उन्होंने कानूनों में रद्द नहीं करते हुए इसमें कुछ सुधार पर जोर दिया था। प्रदेश के ये प्रगतिशीनल किसान धरना-प्रदर्शन के समर्थन में नहीं हैं।

अब इन किसानों के मोबाइल पर एक सप्ताह से लगातार धमकियां मिल रही हैं। फोन करने वाले देश के अलावा कनाडा, अमेरिका व आस्ट्रेलिया के भी एनआरआइ शामिल हैं। वे कंवल सिंह चौहान सहित प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लिए भी अपशब्दों का इस्तेमाल कर रहे हैं। कृषि सुधार कानूनों के साथ ही मोादी सरकार की नीतियों और गुजरात माडल का विरोध कर रहे हैं। वे कंवल सिंह चौहान को को किसानों का गद्दार और देशद्रोही आदि कहने के साथ ही कृषि सुधार कानूनों का पुरजोर विरोध करने की चेतावनी दे रहे हैं। विरोध न करने पर उन सहित प्रतिनिधिमंडल में शामिल सभी किसानों को गंभीर परिणाम भुगतने की चेतावनी दी जा रही है। उन्होंने इसकी शिकायत पुलिस से की है। पुलिस ने किसानों के मोबाइल नंबरों की निगरानी शुरू कर दी है।

किसान कंवल सिंह चौहान ने बताया कि एक सप्ताह से लगातार धमकियां दी जा रही है। कई देशों से फोन करने वाले मुझे कृषि कानूनों का विरोध करने के लिए कह रहे हैं। ऐसा न करने पर गंभीर परिणाम भुगतने की चेतावनी दी जा रही है। फोन करने वाले चाहते हैं कि मैं मोदी सरकार और उसकी नीतियों के विरोध में किसानों को एकजुट करूं। इसकी शिकायत पुलिस से कर दी है।

सोनीपत के पुलिस अधीक्षक जशनदीप सिंह रंधावा ने इस संबंध में कहा कि मामले की जांच की जा रही है। अपने विचार के लिए सभी स्वतंत्र हैं। किसी को धमकाना या चेतावनी देना कानूनन अपराध है। हम रिपोर्ट दर्ज कराकर आरोपितों की पहचान कराकर यथोचित कार्रवाई करेंगे। किसानों की सुरक्षा को लेकर पुलिस-प्रशासन गंभीर हैं।

Related Articles

Back to top button