ब्रेकिंग
Delhi Honeytrap Case: व्हाट्सएप दोस्ती के बाद रेस्टोरेंट में बुलाया, 21 हजार का बिल थमाकर मारपीट और ... Delhi Traffic Challan New Rule: कोर्ट में चालान चैलेंज करने से पहले भरना होगा 50% अमाउंट, जानिए क्या... Gurugram Police Action: राजस्थान से गिरफ्तार मुख्य आरोपी कल्याण बैंसला कोर्ट में पेश, 1 अक्टूबर को ह... Haryana Petrol Pump Association: प्रति लीटर कमाई से ज्यादा चार्ज, जानिए क्यों यूपीआई पेमेंट का विरोध... Pehowa Sadar Police Action: कुरुक्षेत्र में सड़क हादसे के बाद फरार बस चालक की तलाश जारी, पुलिस खंगाल... Haryana Police Crime News: कैथल में पुलिसकर्मी समेत तीन लोगों पर केस दर्ज, 25 प्रतिशत हिस्सेदारी का ... Chandigarh News: मीडिया वेलबीइंग एसोसिएशन के कार्यों से गदगद हुए ऊर्जा मंत्री अनिल विज, कहा- संकट के... Amritsar ASI Murder Case: शहीद ASI हरजीत सिंह के परिवार को ₹2 करोड़ का मुआवजा; CM भगवंत मान का बड़ा ... Ludhiana Horror: घर में घुसकर किशोरी को किडनैप कर शिमला ले गया आरोपी, 1 महीने तक होटल में बंधक बनाकर... Punjab DA Hike News: कर्मचारियों को मिली बड़ी राहत; DA 42% से बढ़कर हुआ 50%, अगले वेतन के साथ मिलेगा...
मध्यप्रदेश

भोपाल के बीआरटीएस कार‍िडोर को लेकर स‍ियासत शुरू, उमा और तन्खा ने की जांच की मांग

भोपाल। मुख्‍यमंत्री डा. मोहन यादव ने भोपाल के बीरआरटीएस कार‍िडोर को हटाने के न‍िर्देश अध‍िकार‍ियों को द‍िए है। इसके साथ ही अब स‍ियासत शुरू हो गई है, भाजपा और कांग्रेस के नेता मुख्‍यमंत्री के इस फैसले की सराहना कर रहे है, साथ ही इसकी जांच की मांग कर रहे है।

मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव जी की सरकार के द्वारा बीआरटीएस कॉरिडोर हटाने का फ़ैसला व्यवहारिक एवं प्रशंसनीय है । ये बनाये ही क्यूँ गए इसकी जाँच होनी चाहिए क्यूँकि ऐसी ग़लतियाँ सरकार के सेकड़ों करोड़ों का नाश लगा देती हैं । @CMMadhyaPradesh @DrMohanYadav51 @BJP4MP

— Uma Bharti (@umasribharti) December 27, 2023

इस बार में पूर्व मुख्‍यमंत्री उमा भारती कहा क‍ि मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव की सरकार के द्वारा बीआरटीएस कारिडोर हटाने का फ़ैसला व्यवहारिक एवं प्रशंसनीय है । ये बनाये ही क्यूँ गए इसकी जाँच होनी चाहिए क्यूँकि ऐसी ग़लतियाँ सरकार के सेकड़ों करोड़ों का नाश लगा देती हैं।

इसी तरह कांग्रेस के राज्‍यसभा सांसद व‍िवेक तन्‍खा ने भी इस पर सवाल उठाए है, उन्‍होंन अपने एक्‍स हैंडल पर बीआरटीएस कार‍िडोर के बारे में कहा कि एक बहुत प्रतीक्षित निर्णय के लिए। बस एक टाइम बाउंड पूछताछ की ज़रूरत है। किन नौकरशाह के शौक़ ने यह जन असुविधा रची। और किसको फ़ैयदा पहुँचने के लिये। करोड़ों में पब्लिक फंड्स का वैस्टेज।आप से उम्मीद है की आप जाँच के आदेश ज़रूर देगें।

उल्‍लेखनीय है क‍ि 13 साल पहले म‍िसरोद से संत ह‍िरदाराम नगर तक 24 क‍िमी तक यह कार‍िडोर 360 करोड़ की लागत से तैयार क‍िया गया था, ज‍िससे यातायात व्‍यवस्‍था में सुधार आए, लेक‍िन इससे आराम तो नहीं लेक‍िन आम जनता को लंबे जाम का सामना करना पड़ता था।

उल्लेखनीय है कि वर्ष 2009-10 में मिसरोद से बैरागढ़ तक लगभग बीआटीएस कारिडोर बनाया गया था। 13 साल में इसके रखरखाव पर करोड़ों रुपये खर्च किए गए। 2019 में भी बीआरटीएस हटाने की बात उठी थी, लेकिन सहमति नहीं बन पाई।

Related Articles

Back to top button